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‘देश का खाते हैं तो देश का गाना भी पड़ेगा’, UCC पर राज्यसभा सांसद सतीश पूनिया का बयान, राहुल-गहलोत पर भी साधा निशाना

Satish Poonia News: जोधपुर दौरे पर राज्यसभा सांसद सतीश पूनिया ने समान नागरिक संहिता (UCC) का समर्थन करते हुए कहा कि भारत में रहने वालों के लिए एक कानून होना चाहिए। उन्होंने कहा, "इस देश का खाते हैं तो इस देश का गाना भी होगा।" परिसीमन को संवैधानिक प्रक्रिया बताते हुए कांग्रेस पर भी निशाना साधा।
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Rajya Sabha MP Satish Poonia

Rajya Sabha MP Satish Poonia (Photo: @DrSatishPoonia)

Rajya Sabha MP Satish Poonia Statement: जोधपुर: राज्यसभा सांसद डॉ. सतीश पूनिया सोमवार को जोधपुर दौरे पर रहे। जहां सर्किट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान उन्होंने देश के विभिन्न राजनीतिक और संवैधानिक मुद्दों पर बेबाकी से अपनी राय रखी। पूनिया ने देश में समान नागरिक संहिता (UCC) और परिसीमन को समय की मांग बताते हुए कांग्रेस पर निशाना साधा, तो वहीं पार्टी द्वारा राज्यसभा भेजे जाने पर इसे आम कार्यकर्ताओं का सम्मान बताया।

'यूसीसी' विकसित भारत का सपना

प्रदेश में समान नागरिक संहिता लागू करने के सवाल पर सतीश पूनिया ने पुरजोर वकालत करते हुए कहा कि भारत के भू-भाग पर रहने वाले सभी नागरिकों के लिए एक समान कानून होना बिल्कुल सही बात है। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा, इस देश का खाते हैं तो इस देश का गाना भी होगा।

पूनिया ने आगे कहा कि इस देश में जन्म लेने वाले हर व्यक्ति को सड़क पर चलने से लेकर चुनाव लड़ने तक की सभी सहूलियतें इज्जत के साथ मिलती हैं। जो लोग भारत में जन्मे हैं, जो भारत पुत्र कहलाते हैं और जिन्हें घुसपैठिया नहीं कहा जा सकता, उन सभी के लिए कानून समान होना चाहिए। भारत के भू-भाग पर किसी भी तरह की कानूनी भिन्नता नहीं होनी चाहिए और इसका सभी को पालन करना चाहिए, क्योंकि यही विकसित भारत का सपना है।

परिसीमन संवैधानिक प्रक्रिया, राहुल-गहलोत को घेरा

देश में होने वाले आगामी परिसीमन को लेकर पूछे गए सवाल पर भाजपा नेता ने कहा कि चुनाव आयोग एक स्वायत्त और संवैधानिक संस्था है। परिसीमन कोई नई बात नहीं है, यह साल 1952 से चली आ रही एक निरंतर प्रक्रिया है जो समय की मांग के अनुसार निर्धारित मापदंडों और संवैधानिक तरीके से पूरी होगी।

इसमें कांग्रेस या बीजेपी जैसी राजनीति नहीं होनी चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि परेशानी यह है कि राहुल गांधी और अशोक गहलोत संविधान से निकली हुई किसी भी व्यवस्था को मानने के लिए तैयार नहीं हैं।

पार्टी ने लाखों कार्यकर्ताओं का किया सम्मान

खुद को राज्यसभा भेजे जाने पर पूनिया ने केंद्रीय नेतृत्व का आभार जताते हुए कहा कि मुझ जैसे साधारण कार्यकर्ता को संसद भेजकर पार्टी ने उन लाखों कार्यकर्ताओं का सम्मान किया है, जो दिन-रात जमीन पर काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि समय आने पर पार्टी कार्यकर्ता की क्षमता को देखकर उसके काम का रिवॉर्ड जरूर देती है।

पचपदरा रिफाइनरी के मुद्दे पर पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के बयानों पर पलटवार करते हुए उन्होंने कहा कि जब दिल्ली और प्रदेश में एक मिजाज (एक ही दल) की सरकार नहीं होती है, तो विकास कार्यों में परेशानी आती है। रिफाइनरी की घोषणा भले ही कांग्रेस ने की थी, लेकिन इसे धरातल पर पूरा करने का काम भाजपा सरकार ने किया है। जोधपुर पहुंचने पर स्थानीय भाजपा कार्यकर्ताओं ने ढोल-नगाड़ों के साथ पूनिया का भव्य स्वागत किया।