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यूपी और दिल्ली में कोरोना तीसरी लहर की दस्तक से पहले मात देने की तैयारी कर रहा आईआईटी कानपुर

-कोरोना की तीसरी लहर की आशंका को लेकर शासन की तैयारियों में तेजी,-आईआईटी कानपुर के विशेषज्ञों का लिया जा रहा सहयोग,-आईआईटी निर्देश सरकार के एडिशनल चीफ सेक्रेटरी को भेज चुके प्रस्ताव,
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कानपुर

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Arvind Kumar Verma

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Updated: 20 Jun 2021, 5:22 PM IST

यूपी और दिल्ली में कोरोना तीसरी लहर की दस्तक से पहले मात देने की तैयारी कर रहा आईआईटी कानपुर

यूपी और दिल्ली में कोरोना तीसरी लहर की दस्तक से पहले मात देने की तैयारी कर रहा आईआईटी कानपुर

पत्रिका न्यूज नेटवर्क
कानपुर. कोरोना वायरस (Corona Virus) को तीसरी लहर (Corona Third Wave) की आशंका को लेकर सरकार हर संभव प्रयास कर रही है। तीसरी लहर की दस्तक के पहले ही उससे निपटने के लिए सरकार (UP Goverment) की तैयारी चरम पर है। यूपी और दिल्ली में तीसरी लहर की दस्तक के पहले ही कोरोना को मात देने के लिए आईआईटी कानपुर (IIT Kanpur) की मदद ली जा रही है। आईआईटी के विशेषज्ञ ऐसी योजना बना रहे हैं, जिससे इन दोनों राज्यों में कोविड के खात्मे के लिए तुरंत एक्शन प्लान बनाया जा सकेगा। दोनों प्रदेशों के साथ जल्द ही संस्थान का करार होने वाला है। आईआईटी के निदेशक (IIT Kanpur Director) प्रो. अभय करंदीकर प्रदेश सरकार के एडिशनल चीफ सेक्रेटरी को प्रस्ताव बनाकर भेज चुके हैं।

दरअसल आईआईटी कानपुर के कंप्यूटर साइंस इंजीनियरिंग के प्रो. मणींद्र अग्रवाल और उनकी टीम ने कम्प्यूटिंग माडल के आधार पर देश के कई राज्यों और वहां के शहरों में कोरोना का मार्च, अप्रैल, मई और जून का पीक टाइम तैयार किया था। इस माडल की खूबियों को देखते हुए यूपी सरकार पहले ही जिलों में आक्सीजन आडिट करने की जिम्मेदारी आईआईटी को दे चुकी है। प्रो. मणींद्र अग्रवाल (IIT Pro. Manindra Agrawal) की मानें तो माडल की सहायता से उप्र और दिल्ली के शहरों में संक्रमण फैलने की रिपोर्ट पहले ही दे दी जाएगी।

इससे संक्रमण फैलने की गति आदि अन्य रिपोर्ट तैयार होगी। साथ ही तीसरी लहर को रोकने के लिए सरकार रणनीति बना सकेगी। इसके साथ ही सरकार नियंत्रण के लिए सही समय पर लॉकडाउन, साप्ताहिक बंदी या नाइट कर्फ्यू पर निर्णय ले सकेगी। इस मुद्दे पर आईआईटी निदेशक प्रो. अभय करंदीकर ने बताया कि दोनो राज्यों के प्रशासनिक अधिकारियों से बातचीत चल रही है। जल्द ही संस्थान के साथ करार किया जाएगा। आइआइटी कोरोना संक्रमण को लेकर पूरा प्लान तैयार कर रहा है। प्रो. मणींद्र अग्रवाल के नेतृत्व में काम किया जाएगा।