
नहीं हो सका सीसामऊ नाला टैप, टेस्टिंग में पहले ही चटकी लाइन
कानपुर। गंगा को प्रदूषित करने के लिए कुख्यात सीसामऊ नाले को रोकने में एक के बाद एक अड़चने आ रही हैं. लाख कोशिशों के बाद जल निगम ने सोमवार सुबह 10.30 बजे टेस्टिंग की, लेकिन 15 मिनट में ही लाइन के बैंड में दरार पड़ गई. आनन-फानन में टेस्टिंग को बंद करना पड़ा. अब टेस्टिंग में 2-3 दिन का समय लग सकता है. वहीं जाजमऊ में कई जगह टूटी सीवर लाइन ठीक की जा रही है. इसके अलावा 200 मीटर तक अभी सफाई कार्य भी अधूरा है. यह काम पूरे होने के बाद ही नाले को टैप किया जा सकेगा.
जानकारी मिली है ऐसी
आपको बता दें कि गंगा में गिर रहे नालों को टैप करने के लिए 31 अक्टूबर की समय सीमा दी गई थी, लेकिन कार्यदायी संस्था ने सोमवार तक भी कार्य पूरा नहीं किया. इस लापरवाही पर जल निगम जीएम आरके अग्रवाल ने कार्यदायी संस्था जीएसजे इनवो पर प्रतिदिन 1.5 लाख रुपए जुर्माने का नोटिस दिया है. ठेकेदार को 12 नवंबर तक का वक्त दिया गया है. इसके आगे कार्य को देखते हुए फैसला लिया जाएगा.
एक साथ टैप होंगे सभी नाले
इसके आगे जल निगम जीएम ने बताया कि सीसामऊ नाला के टैप होने के साथ ही सभी नालों को एक साथ टैप कर दिया जाएगा. जाजमऊ एसटीपी तक एक ही लाइन के जरिए सीवर फ्लो भेजा जाएगा. सीसामऊ नाले के साफ़ होते ही गंगा में सीवर का गिरना बंद हो जाएगा. 15 नवंबर तक कार्य पूरा कर लेंगे. नवाबगंज नाला के साथ ही रानीघाट नाले को भी टैप कर दिया जाएगा.
बताते चले कि...
अर्धकुंभ के मददेनजर सीएम ने गंगा में गिर रहे सभी नालों को टैप करने के निर्देश दिए थे. जिसको लेकर सीएम समय-समय पर नालों को टैप किए जाने वाले कार्यों की मानीटरिंग अपने स्तर पर कर रहे हैं. ऐसे में गंगा को प्रदूषित करने के लिए विश्व स्तर पर कुख्यात हो चुके सीसामऊ नाले को टैप करने के लिए लगातर कई दिनों से काम किया जा रहा है. इसके बाद भी टैपिंग का काम सफल नहीं हो पाया. हालांकि इसे जल्द ही पूरा करने का अधिकारी दावा कर रहे हैं.
Updated on:
6 Nov 2018, 1:01 PM IST
Published on:
6 Nov 2018, 1:01 PM IST
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