
गन्ना किसानों के खाते में ट्रांसफर हुए अंतिम किस्त (Photo Patrika)
Chhattisgarh News: पंडरिया विधानसभा क्षेत्र के हजारों गन्ना उत्पादक किसानों के लिए बड़ी राहत की खबर सामने आई है। लंबे समय से प्रतीक्षित गन्ना मूल्य का भुगतान आखिरकार पूरा हो गया है। लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल सहकारी शक्कर कारखाना मर्यादित पंडरिया ने पेराई सत्र 2025-26 में खरीदे गए गन्ने की एफ आरपी का 100 प्रतिशत भुगतान किसानों के बैंक खातों में जारी कर दिया है। कारखाना प्रबंधन ने 18 करोड़ 97 लाख 79 हजार 511 रुपए की अंतिम किस्त जारी करते हुए 4961 किसानों के खातों में राशि अंतरित कर दी। इसके साथ ही इस सत्र में 8050 किसानों को कुल 40 करोड़ 5 लाख 25 हजार 52 रुपए का भुगतान पूरा हो गया है।
बीते दिनों भुगतान में हो रही देरी को लेकर किसानों ने कारखाना परिसर के सामने प्रदर्शन किया था। किसानों ने बकाया राशि शीघ्र जारी करने की मांग उठाई थी। इसके बाद क्षेत्रीय विधायक भावना बोहरा द्वारा किसानों को जल्द भुगतान का आश्वासन दिया गया था। अब भुगतान पूरा होने के बाद किसानों ने राहत की सांस ली है। इस भुगतान के साथ पंडरिया शक्कर कारखाने ने पिछले पांच वर्षों का रिकॉर्ड तोड़ते हुए सबसे कम समय में एफ आरपी का शत-प्रतिशत भुगतान करने का दावा किया है। भुगतान पूरा होने के बाद गन्ना उत्पादक किसानों में खुशी का माहौल है।
कारखाना के प्रबंध संचालक यूके कौशिक ने बताया कि पेराई सत्र 2025-26 में केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित 329.05 रुपए प्रति क्विंटल की एफआरपी दर पर गन्ना खरीदा गया। इस दौरान 12 लाख 17 हजार 216.40 क्विंटल गन्ने की खरीदी की गई, जिसे 12 हजार 727 गाडिय़ों के माध्यम से कारखाने तक पहुंचाया गया। कुल देय राशि 40.05 करोड़ रुपये थी, जिसमें से 21.07 करोड़ रुपए का भुगतान पहले ही किया जा चुका था। शेष 18.97 करोड़ रुपए बुधवार को किसानों के खातों में भेज दिए गए। यह भुगतान 21 दिसंबर 2025 से 7 फरवरी 2026 के बीच गन्ना आपूर्ति करने वाले किसानों को प्राप्त हुआ।
पंडरिया विधायक भावना बोहरा ने किसानों को बधाई देते हुए कहा कि हमारी नीति स्पष्ट है और हमारी नीयत साफ है। किसानों के हितों से बढक़र हमारे लिए कुछ भी नहीं है। किसान पंडरिया विधानसभा की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं और उनके परिश्रम का सम्मान करना हमारी जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि गन्ना भुगतान को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए कारखाना प्रबंधन और शासन स्तर पर लगातार समन्वय किया गया, जिसका परिणाम है कि इस वर्ष रिकॉर्ड समय में किसानों को उनकी मेहनत की पूरी राशि मिल सकी।
विधायक ने भरोसा दिलाया कि एफ आरपी भुगतान के बाद अब किसानों की शेष रिकवरी राशि का भुगतान भी जल्द से जल्द सुनिश्चित कराने के लिए प्रयास जारी रहेंगे, ताकि किसानों को किसी प्रकार की आर्थिक परेशानी का सामना न करना पड़े। कारखाना प्रबंधन के अनुसार पिछले वर्षों में एफ आरपी भुगतान सितंबर और अक्टूबर तक पूरा होता रहा है। सत्र 2021-22 का भुगतान 12 सितंबर 2022, 2022-23 का 14 अगस्त 2023, 2023-24 का 19 सितंबर 2024 और 2024-25 का 18 अक्टूबर 2025 को पूरा हुआ था।
कारखाना प्रबंधन के अनुसार पिछले वर्षों में एफ आरपी भुगतान सितंबर और अक्टूबर तक पूरा होता रहा है। सत्र 2021-22 का भुगतान 12 सितंबर 2022, 2022-23 का 14 अगस्त 2023, 2023-24 का 19 सितंबर 2024 और 2024-25 का 18 अक्टूबर 2025 को पूरा हुआ था।
Updated on:
17 Jul 2026 01:28 pm
Published on:
17 Jul 2026 01:27 pm
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
