
SECR Bilaspur, अवैध रेत भंडारण स्थल पर पहुंची खनिज विभाग की टीम (Photo- Patrika)
बैकुंठपुर। बौरीडांड़ जंक्शन से बैकुंठपुर रोड तक डबल रेल लाइन (SECR Double rail line) बिछाने सहित अन्य निर्माण कराने के लिए बिना अनुमति नागपुर रेलवे स्टेशन के पास अवैध रेत का भंडारण किया गया है। यह प्रोजेक्ट 1374 करोड़ का है तथा दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे बिलासपुर की देखरेख में कराया जा रहा है। अवैध रेत भंडारण को लेकर खनिज विभाग की टीम जांच करने पहुंची। इस दौरान मिक्सिंग प्लांट सहित रेत भंडारण की जांच के बाद रेत भंडारण एवं परिवहन के दस्तावेज, ट्रांजिट पास मांगे गए। लेकिन संचालक कोई भी दस्तावेज पेश नहीं कर पाया। खनिज उडऩदस्ता टीम ने कहा कि बिना दस्तावेज रेत का भंडारण खनिज नियमों का उल्लंघन है। मामले में मिक्सिंग मशीन और रेत भंडारण के संचालक (ठेकेदार) को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। निर्धारित समय सीमा के भीतर संतोषजनक जवाब प्रस्तुत नहीं करने पर कार्रवाई की बात कही है।
कोरिया जिले के खनिज अधिकारी दयानंद तिग्गा (Mining Department officer) ने स्पष्ट कहा है कि अवैध खनिज गतिविधियों पर नियंत्रण करने निगरानी एवं कार्रवाई जारी रहेगी। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ ढिलाई नहीं बरती जाएगी। गौरतलब है कि ग्राम पंचायत नागपुर में रेलवे स्टेशन के पास डबल लाइन और पुल निर्माण करा रहे हैं।
इसमें आसपास की नदी से रेत का अवैध खनन कर भंडारण कर लिया गया है। जबकि नागपुर, बरबसपुर क्षेत्र में एक भी लाइसेंसी रेत खदान नहीं है। बावजूद बड़ी मात्रा में रेत भंडारण किया जा रहा है। खनिज विभाग की अनदेखी के कारण रेलवे ठेकेदार के स्टाफ आसपास की नदी-नाले से रेत खनन कर भंडारण (Illegal sand storage) कर रहे हैं।
वहीं ग्राम पंचायत उजियारपुर में रेलवे ओवर ब्रिज के पास भी रेलवे का निर्माण हो रहा है। जहां बड़ी मात्रा में रेत भंडारण हुआ है। अवैध रेत भंडारण और खनन से राज्य सरकार को रॉयल्टी राशि का नुकसान भी हो रहा है।
बता दें कि बौरीडांड़ जंक्शन (Bauridand Junction) से शिव प्रसाद नगर तक करीब 79.90 किलोमीटर दोहरीकरण कराया जाना है। कार्य को दो खंड में कार्य को विभाजित किया गया है। बैकुंठपुर रोड से शिवप्रसाद नगर खंड और बौरीडांड़ जंक्शन से बैकुंठपुर रोड स्टेशन खंड में दोहरीकरण प्रोजेक्ट को मंजूरी मिली है।
इसकी कुल लागत करीब 1376.2 करोड़ है। हालांकि, बौरीडांड से बैकुंठपुर तक दोहरीकरण का कार्य हाल ही में शुरू हुआ है। गौरतलब है कि बौरीडांड़- बैकुंठपुर तक रेललाइन दोहरीकरण परियोजना को लेकर भू-अर्जन एवं मुआवजा वितरण की प्रक्रिया चल रही है।
दोहरीकरण परियोजना मेें कुल 9 ग्राम उजियारपुर, बरबसपुर, दर्रीटोला, सरोला, सेमरा, लाई, उदलकछार, शंकरगढ़ एवं बेलबहरा प्रभावित हैं। रेल दोहरीकरण के लिए कुल 6.980 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहण हुआ है। जिसमें 111 किसान की निजी भूमि 5.225 हेक्टेयर और 28 प्रकरण में 1.755 हेक्टेयर सरकारी भूमि शामिल है,
जिसके एवज में 4 करोड़ 78 लाख 47 हजार 777 रुपए की अवार्ड राशि पारित है। जिला प्रशासन की निगरानी में प्रभावित हितग्राहियों के बैंक खातों की जानकारी तहसीलदार, उप तहसील नागपुर के माध्यम से संकलित कर मुआवजा राशि का भुगतान किया जाएगा।
Published on:
10 Jun 2026 08:20 pm
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