19 अक्टूबर 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

हत्या या आत्महत्या, आखि‍र 13 फीट ऊंचाई पर कैसे पहुंची लाश, सवालों से पुलिस भी चकराई

बारां जिले के नेहरूपुरा गांव में बहन से मिलने घर से निकला भाई की जंगल में एक पेड़ पर 13 फटी की ऊंचाई पर लाश लटकी मिली। लोगों के जहन में उठे सवाल कहीं हत्या कर वारदात को आत्महत्या में तो नहीं बदला गया।
2 min read
Google source verification

कोटा

•

image

Zuber Khan

•

May 21, 2019

Suicide

हत्या या आत्महत्या, आखि‍र 13 फीट ऊंचाई पर कैसे पहुंची लाश, सवालों से पुलिस भी चकराई

बारां. जिले के नेहरूपुरा गांव में बहन से मिलने घर से निकला भाई की जंगल में एक पेड़ पर 13 फटी की ऊंचाई पर लाश लटकी मिली। इससे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। गांव के लोग हैरान है, मिलनसार व्यक्ति आत्महत्या कैसे कर सकता है। उसे 35 सालों में कभी किसी तरह की परेशानी में नहीं देखा। फिर, अचानक ऐसा क्या हुआ कि आत्महत्या की नौबत आन पड़ी। क्या वास्तव में यह आत्महत्या है या किसी ने हत्या कर शव को इतनी ऊंचाई पर फंदे पर लटका दिया। ऐसे कई सवाल लोगों के जहन में उठ रहे हैं। पुलिस इस मामले की बारिकी से जांच कर रही है।

Good News: अब टायर खुद बताएंगे कि वे फटने वाले हैं...कैसे पढि़ए खास खबर

थाना प्रभारी दलपत सिंह के अनुसार मोयदा हाल नेहरूपुरा गांव निवासी रणजीत सिंह (65) जाति सिख जाट का शव कपिल धारा मार्ग पर जंगल में एक पेड़ पर करीब तेरह फीट ऊंचाई पर रस्सी के फंदे से लटका मिला। शव को पेड़ पर लटके हुए दस से बारह घंटे का समय बीत चुका था। मृतक अपनी पत्नी से रविवार को नाहरगढ़ के निकट सोनीपुरा टापरा बस्ती में रहने वाली उसकी बहन से मिलने जाने की जानकारी देकर घर से निकला था।

BIG News: 24 साल का दूल्हा और 15 साल की दुल्हन, फिर क्या-क्या हुआ खेल...पढि़ए जेल तक की पूरी कहानी

सुबह करीब आठ बजे तेंदू पत्ते तोडऩे वाले गांव से करीब एक किलोमीटर दूर जंगल में गए तो वहां एक पेड़ पर रणजीत सिंह का शव लटका दिखा। उन्होंने इसकी सूचना नाहरगढ़ पुलिस को दी। पुलिस ने पेड़ से लोगों के माध्यम से शव को नीचे उतारा। बाद में पोस्टमार्टम करवा कर परिजनों को सौंप दिया। घटना स्थल पर बड़ी संख्या में ग्रामीणों की भीड़ लगी रही। पुलिस का मानना हैं कि प्रथम दृष्टया ये आत्महत्या का प्रकरण लग रहा है, लेकिन मृत्यु के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्ट रिपोर्ट से ही हो सकेगा। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया।

Read More: धारीवाल के पैर पड़े बंशीलाल के परिजन, बोले-हमारा घर उजाडऩे वालों को कब मिलेगी सजा, भूखे मरने की आ गई नौबत

35 वर्ष से रह रहा था
मृतक रणजीत सिंह मोयदा ने नेहरूपुरा में शादी की थी और वह करीब 35 वर्ष से इसी गांव में रह रहा था। वह मिलनसार था। उसके तीन लड़कियां व एक लड़का हैं। इन सभी की शादी हो चुकी है तथा उसका लड़का बाहर काम काम करता है। उसकी मौत की खबर से ग्रामीण गमगीन रहे।