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कोटा में दिन में हुई रात, तेज हवा के साथ बारिश से धराशाही हुआ अनंत चतुर्दशी का 70 फीट ऊंचा स्वागत द्वार, 2 बच्चों की बची जान
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कोटा में दिन में हुई रात, तेज हवा के साथ बारिश से धराशाही हुआ अनंत चतुर्दशी का 70 फीट ऊंचा स्वागत द्वार, 2 बच्चों की बची जान

कोटा में तेज हवा के साथ हुई बारिश से अनंत चतुर्दशी की शोभायात्रा का स्वागत द्वारा धराशाही हो गया। हादसे में दो बच्चों की बाल-बाल जान बची।
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कोटा

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Zuber Khan

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Sep 12, 2019

कोटा. शिक्षा नगरी गुरुवार को अनंत चतुर्दशी के अनंत उत्साह में सरोबार थी कि शाम करीब 4 बजे तूफानी हवा के साथ बारिश ने तबाही मचा दी। दर्जनों पेड़ धराशायी हो गए। अनंत चतुर्दशी जुलूस मार्ग में कैथूनीपोल में बनाया गया सबसे बड़ा स्वागत द्वार भी तूफानी हवा के आगे नहीं ठहर सका और देखते ही देखते गिर गया। जब बारिश शुरू हुई हजारों लोग इस मार्ग से गुजर रहे थे। गनीमत रही कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ। दो जने घायल हुए हैं। घनघोर घटाओं के कारण शहर में रात जैसा अंधेरा छा गया। स्थिति यह हो कि कुछ भी नजर नहीं आ रहा था। वाहन चालकों ने हैडलाइल जला ली। देर रात कोटा बैराज से तीन लाख 32 हजार क्यूसेक पानी की निकासी शुरू कर दी गई। पानी की आवक बढऩे पर प्रशासन ने चम्बल की डाउन स्ट्रीम की बस्तियों में अलर्ट जारी कर दिया। लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने के लिए मुनादी करवा दी गई।

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शहर में सुबह से बादल छाए हुए थे, दोपहर बाद काली घटाएं उमडऩे लगी और शाम 4.30 बजे काली घटाओं ने पूरे शहर को आगोश में ले लिया। तेज हवा के साथ करीब बीस मिनट भारी बारिश का दौर चला। हवा का वेग ज्यादा होने से पेड़ उखड़ गए। झालावाड़ रोड पर ईएसआई अस्पताल के पास दो पेड़ गिर गए। नए कोटा में कई जगहों पर पेड़ गिरे। दशहरा मैदान में रावण के पुतले तैयार करने के लिए बनाया गया डोम भी धराशायी हो गया।

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बारां रोड पर गैलेंट्री गेट गिर गया। शहर के कई इलाकों में होर्डिंग्स गिर गए। बिजली तंत्र गड़बड़ा गया। कुछ जगह तार टूट गए। तीन इंच बारिश हुई। बारिश के कारण शहर के नाले उफान पर आ गए। थेगड़ा नाला उफान पर आने से आवागमन ठप हो गया है। कन्सुआ और प्रेम नगर में भी बारिश का पानी घरों में भर गया। मौसम विभाग के अनुसार बारिश के दौरान शहर में दृश्यता (विजिबीलिटी) 95 ही रह गई थी। हवा 25 से 30 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से चलीं। बंगाल की खाड़ी में निम्न वायुदाब सक्रिय होने का असर राजस्थान, मध्यप्रदेश, आसाम समेत अन्य राज्यों में हो रहा है। इसका असर गुरुवार शाम कोटा में भी रहा। 15 सितम्बर तक बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। सांगोद, सीमल्या, सुल्तानपुर, अरण्डखेड़ा, अयाना, इटावा सहित जिलेभर में गुरुवार दोपहर साढ़े तीन बजे बाद शुरू हुई तेज बारिश का दौर शाम तक जारी रहा। कोटा का अधिकतम तापमान 32.2 व न्यूनतम 23.7 डिग्री रहा। दोपहर 41 मिमी बारिश हुई।

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नाले में बालक बहा, मौत
झालावाड़ जिले में पिछले 24 घंटे से बारिश का दौर चल रहा है। दोपहर बाद मूसलादार बारिश हुई। जिले के झालावाड़ में 28, झालरापाटन में 30, असनावर में 85, बकानी में 83, पिड़ावा में 18, पचपहाड़ में 46, गंगधार में 42, डग में 36, अकलेरा में 44, मनोहरथाना में 12, खानपुर में 70, सुनेल में 15 एमएम बारिश हुई। शहर में बहते नाले में बहने से एक बालक की मौत हो गई है। इधर, बूंदी शहर में सुबह से बादल छाए रहे, लेकिन उमस ने लोगों को परेशान किया। वहीं केशवरायपाटन, इन्द्रगढ़, करवर, रोटेदा, कापरेन सहित कई जगहों पर शाम चार बजे के बाद तेज बारिश हुई। शाम पांच तक के.पाटन में 5, इन्द्रगढ़ में 7 एमएम बारिश दर्ज की गई। बारां में दोपहर बाद करीब 20 मिनट तक आंधी के साथ हुई तेज बारिश ने उमस को धो डाला। आंधी से कई जगह पेड़ों की शाखाएं टूट गई। एक विद्युत पोल उखड़ गया।