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कोटा में हादसा: मकान की छत पर तराई करते समय लगा करंट, 2 बच्चों की मौत, दो अन्य घायल

Kota News: कोटा के किशोरपुरा थाना क्षेत्र में निर्माणाधीन मकान की छत पर तराई करते समय लोहे की रेलिंग में करंट दौड़ने से दो बच्चों आदिल (16) और समीर (10) की मौत हो गई। दो अन्य बच्चे झुलस गए, जिनमें एक का इलाज जारी है।
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कोटा

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Arvind Rao

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Updated: 28 Jun 2026, 9:50 PM IST

Kota Two Children Died Electric Shock

मृतक आदिल और समीर (पत्रिका फोटो)

Kota Two Children Died Electric Shock: कोटा शहर के किशोरपुरा थाना क्षेत्र स्थित साजीदेहड़ा इलाके में रविवार शाम को एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। यहां एक निर्माणाधीन मकान की छत पर तराई करने के दौरान अचानक करंट दौड़ने से दो बच्चों की मौत हो गई, जबकि दो अन्य बच्चे झुलस गए। मृतकों की पहचान आदिल (16) और उसके भांजे समीर (10) के रूप में हुई है। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में शोक की लहर है।

बचाने के प्रयास में दोनों आए चपेट में

आदिल के पिता शब्बीर ने बताया कि उनका बेटा आदिल और भांजा समीर निर्माणाधीन मकान की छत पर पानी से तराई कर रहे थे। इसी दौरान छत पर लगी लोहे की रेलिंग में अचानक तेज करंट आ गया। सबसे पहले आदिल करंट की चपेट में आया और तड़पने लगा। उसे बचाने के लिए पास ही खड़ा समीर आगे बढ़ा, तो वह भी करंट की चपेट में आ गया। छत गीली होने के कारण वहां मौजूद दो अन्य बच्चे भी करंट का झटका लगने से झुलस गए।

अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने मृत घोषित किया

हादसे के तुरंत बाद बदहवास परिजन और स्थानीय लोग चारों बच्चों को लेकर तत्काल एमबीएस अस्पताल भागे। हालांकि, अस्पताल के ड्यूटी डॉक्टरों ने जांच के बाद आदिल और समीर को मृत घोषित कर दिया। हादसे में घायल तीसरे बच्चे रिजवान (12) का इलाज फिलहाल रामपुरा सेटेलाइट अस्पताल में चल रहा है, जबकि चौथे बच्चे को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई है।

परिजनों ने पोस्टमॉर्टम से किया इनकार

स्थानीय लोगों ने इस हादसे को लेकर बिजली विभाग की लापरवाही पर गहरा रोष जताया है। परिजनों के मुताबिक, आदिल आठवीं कक्षा का छात्र था, जबकि समीर दूसरी कक्षा में पढ़ता था। सूचना मिलते ही किशोरपुरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को मोर्चरी में रखवाया।

थानाधिकारी भूरी सिंह ने बताया कि मृतकों के परिजनों ने किसी भी तरह की कानूनी कार्रवाई या पोस्टमॉर्टम कराने से साफ इनकार कर दिया। इसके बाद परिजनों की लिखित सहमति के आधार पर पुलिस ने बिना पोस्टमॉर्टम के ही दोनों शव उन्हें सुपुर्द कर दिए। पुलिस ने मर्ग दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।