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पीठ, करवट या पेट के बल? Mayo Clinic और Cleveland Clinic से जानें कौन सी Sleeping Position है बेहतर

Best Sleeping Position: अच्छी नींद के साथ ही आपके लिए किस तरीके से सोना फायदेमंद हो सकता है? आइए, Cleveland Clinic और Mayo Clinic के अनुसार जानते हैं।
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Sleep Apnea, सोने की सही पोजीशन

Best Sleeping Position (representative image) image credit Magnific

Sleeping Position: आप किस तरह सोते हैं, इसका असर सिर्फ आपकी नींद पर ही नहीं, बल्कि सांस लेने और शरीर दर्द जैसी समस्याओं पर भी पड़ सकता है। हालांकि, हर व्यक्ति के लिए सोने की एक ही पोजीशन सही नहीं होती। किसी को पीठ के बल सोने से आराम मिल सकता है, तो किसी के लिए करवट लेकर सोना बेहतर हो सकता है। वहीं, पेट के बल सोने से कुछ लोगों में गर्दन और कमर की परेशानी बढ़ सकती है। ऐेसे में आइए जानते हैं कि किसके लिए कौन सी Sleeping Position बेहतर हो सकती है।

सबके लिए एक ही Sleeping Position सही नहीं

क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के मुताबिक, अगर आप आराम से सोते हैं, सुबह फ्रेश महसूस करते हैं और रात में नींद बार बार नहीं खुलती, तो आमतौर पर Sleeping Position बदलने की जरूरत नहीं होती। लेकिन अगर किसी खास हेल्थ प्रॉब्लम की वजह से परेशानी हो रही है, तो सोने की पोजीशन बदलने से फायदा मिल सकता है।

पीठ के बल सोना किन लोगों के लिए हो सकता है बेहतर?

क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, कमर या गर्दन में दर्द रहने वाले कुछ लोगों के लिए पीठ के बल सोना आरामदायक हो सकता है। इस पोजीशन में रीढ़ पर पड़ने वाला दबाव कम करने में मदद मिल सकती है। घुटनों के नीचे तकिया रखने से भी आराम मिल सकता है। हालांकि, अगर पीठ के बल सोने से दर्द या परेशानी बढ़ती है, तो इस पोजीशन को जबरदस्ती अपनाने की जरूरत नहीं है।

स्लीप एपनिया और खर्राटों में करवट लेकर सोना हो सकता है बेहतर

मेयो क्लिनिक (Mayo Clinic) के मुताबिक, पीठ के बल सोने पर जीभ और जबड़ा पीछे की तरफ जा सकते हैं। इससे सांस की नली पर असर पड़ सकता है और कुछ लोगों में खर्राटे बढ़ सकते हैं। खासकर स्लीप एपनिया वाले लोगों में पीठ के बल सोने से परेशानी बढ़ सकती है। करवट लेकर सोने से सांस की नली के बंद होने की संभावना कम हो सकती है और खर्राटे भी कम हो सकते हैं।

बाईं या दाईं करवट, कौन सी बेहतर?

क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, ज्यादातर लोगों के लिए बाईं या दाईं करवट में से किसी एक को चुनना जरूरी नहीं है। दोनों में से वही करवट ठीक है जिसमें आपको आराम मिले। हालांकि, प्रेग्नेंसी में करवट लेकर सोने की सलाह दी जाती है। बाईं करवट ब्लड फ्लो के लिए फायदेमंद हो सकती है, लेकिन आमतौर पर प्रेग्नेंसी में दोनों करवट सोना ठीक माना जाता है।

पेट के बल सोना सही होता है?

क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के मुताबिक, पेट के बल सोना ज्यादातर लोगों के लिए अच्छा विकल्प नहीं माना जाता। इस पोजीशन में कमर, गर्दन और कंधों में दर्द हो सकता है। लंबे समय तक गर्दन को एक तरफ मोड़कर सोने से भी परेशानी हो सकती है।

कैसे सोना है बेहतर?

अगर आपको कोई खास हेल्थ प्रॉब्लम नहीं है और आप अपनी मौजूदा पोजीशन में आराम से सो रहे हैं, तो सिर्फ Sleeping Position बदलने की जरूरत नहीं है। लेकिन अगर खर्राटे या स्लीप एपनिया की समस्या है, तो करवट लेकर सोना बेहतर विकल्प हो सकता है। वहीं कमर या गर्दन के दर्द में कुछ लोगों को पीठ के बल सोने से आराम मिल सकता है। यानी सही Sleeping Position आपकी हेल्थ और जरूरत पर निर्भर करती है।

डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।