
अखिलेश यादव ने सरकार पर साधा निशाना, PC- IANS
लखनऊ : समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने ‘डबल इंजन सरकारों’ पर देशभर में अन्याय, भ्रष्टाचार, साम्प्रदायिकता और प्रशासनिक विफलताओं का आरोप लगाते हुए कहा कि अगर भाजपा को आंख मूंदकर समर्थन देने वालों में जरा-सी भी संवेदना और विवेक शेष है, तो वे मौजूदा हालात पर आत्ममंथन करें।
उन्होंने उत्तराखंड से लेकर उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, दिल्ली, महाराष्ट्र और पूर्वोत्तर तक की घटनाओं का हवाला देते हुए कहा कि भाजपा शासन में आम आदमी की सांसें तक सुरक्षित नहीं हैं। अखिलेश यादव ने कहा कि ‘डबल इंजन सरकारों’ में कहीं बेटियों के लिए सड़कों पर न्याय की गुहार लगाई जा रही है, कहीं जहरीले सिरप और पानी से मौतें हो रही हैं, तो कहीं दलितों-अल्पसंख्यकों पर अत्याचार की सारी हदें पार की जा रही हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश में जीएसटी अधिकारी के घर से करोड़ों रुपए की नकदी निकलती है और सरकार ईमानदार टैक्स सिस्टम का दावा करती है, जबकि दिल्ली में लोग प्रदूषण के बीच एक-एक सांस को तरस रहे हैं। उन्होंने कहा कि राजस्थान में किसान घातक फैक्ट्रियों के खिलाफ संघर्ष कर रहे हैं, गुजरात-हरियाणा में अरावली को बचाने के लिए जनता को न्यायालयों का सहारा लेना पड़ रहा है, महाराष्ट्र में लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला हो रहा है, और छत्तीसगढ़-ओडिशा में अल्पसंख्यकों के त्योहारों पर हमले व धमकियां दी जा रही हैं।
उन्होंने असम में साम्प्रदायिक भेदभाव, त्रिपुरा-उत्तराखंड में नफरती एजेंडे के चलते हिंसा और बिहार में शराबबंदी के बावजूद अवैध शराब के धंधे पर भी सवाल खड़े किए।
अखिलेश यादव ने कहा कि इन सबके बीच सरकार जनता का ध्यान भटकाने में लगी है, जबकि बेरोजगारी, घटता कारोबार, जहरीला पर्यावरण और सामाजिक तनाव आम आदमी की जिंदगी पर भारी पड़ रहा है। उन्होंने भाजपा समर्थकों से साम्प्रदायिक चश्मा उतारकर अपने परिवार, भविष्य और दुनिया में भारत की बिगड़ती छवि पर विचार करने की अपील की।
इसके साथ ही सपा अध्यक्ष ने अभ्युदय योजना में कथित फर्जीवाड़े को लेकर सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि '69 में 48 फर्जी' का मामला सामने आना बताता है कि योजना में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी हुई है। यह केवल वसूली का मामला नहीं, बल्कि उन गरीब विद्यार्थियों-अभ्यर्थियों के भविष्य से खिलवाड़ है जो इन फर्जी नामों के भरोसे पढ़ाई कर रहे थे।
अखिलेश यादव ने मांग की कि घोटाले की जांच इस दृष्टिकोण से भी हो कि कहीं यह पीडीए समाज के बच्चों के खिलाफ सुनियोजित साजिश तो नहीं, ताकि उन्हें दोयम दर्जे की कोचिंग में उलझाकर नौकरियों से वंचित रखा जाए।
(Source - IANS)
Updated on:
04 Jan 2026 08:55 pm
Published on:
04 Jan 2026 08:55 pm
