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Atiq Ahmed Son Umar Parole: भाई को आखिरी बार देखने जेल से निकला उमर, 20 से ज्यादा जवानों के घेरे में प्रयागराज का सफर

Atiq Ahmed Sons Ali Umar: अतीक अहमद के बेटे अली और उमर को भाई अबान के जनाजे में शामिल होने के लिए पैरोल मिली है। दोनों को कड़ी पुलिस सुरक्षा के बीच जेल से प्रयागराज लाया जा रहा है।
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लखनऊ

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Dimple Yadav

Aug 08, 2026

Atiq Ahmed Sons Ali Umar Ali Umar Prayagraj Atiq Ahmed Son Ali

उमर को प्रयागराज लाने के लिए पुलिस का कड़ा इंतजाम

Abaan Ahmed Funeral:अतीक अहमद के बेटे अली और उमर अपने छोटे भाई अबान के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए जेल से बाहर आए हैं। दोनों को इलाहाबाद हाईकोर्ट से पैरोल मिली है, लेकिन प्रयागराज पहुंचने तक उनकी सुरक्षा को लेकर पुलिस ने खास इंतजाम किए हैं। अली को झांसी जेल से जबकि उमर को लखनऊ जेल से पुलिस सुरक्षा के बीच रवाना किया गया।

400 किलोमीटर के सफर में पुलिस का घेरा

अली को शनिवार सुबह करीब साढ़े 9 बजे झांसी जेल से प्रयागराज के लिए रवाना किया गया। उसके साथ करीब 30 पुलिसकर्मी मौजूद हैं। करीब 400 किलोमीटर के इस सफर में उसकी वैन के आगे और पीछे पुलिस की गाड़ियां चल रही हैं। उमर दोपहर करीब 12:30 बजे लखनऊ जेल से बाहर आया। उसके साथ भी 20 से ज्यादा पुलिसकर्मी लगाए गए हैं। दोनों जिस जिले या थाना क्षेत्र से गुजर रहे हैं, वहां की स्थानीय पुलिस भी सुरक्षा व्यवस्था संभाल रही है।

मीडिया से बचाने के लिए वैन पर लगाए पर्दे

अली और उमर को लेकर पुलिस की सबसे ज्यादा चर्चा वैन को लेकर हुई। दोनों की वैन पर पर्दे लगाए गए हैं, ताकि उनका चेहरा बाहर से नजर न आए। अली के जेल से निकलने के दौरान बड़ी संख्या में मीडियाकर्मी भी मौजूद थे, लेकिन पुलिस ने वैन को इस तरह खड़ा किया कि उसकी तस्वीर या चेहरा साफ नजर नहीं आया। पुलिस की कोशिश है कि दोनों को बिना किसी सार्वजनिक संपर्क के सीधे प्रयागराज पहुंचाया जाए।

हाईकोर्ट ने पैरोल के साथ रखीं 4 शर्तें

अबान के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए अली और उमर को हाईकोर्ट ने सीमित अवधि की पैरोल दी है। इसके साथ दोनों के लिए कुछ शर्तें भी तय की गई हैं। दोनों मीडिया से बातचीत नहीं करेंगे। सोशल मीडिया पर कोई गतिविधि नहीं करेंगे। किसी सार्वजनिक सभा को संबोधित नहीं करेंगे। किसी अन्य कार्यक्रम में हिस्सा नहीं लेंगे। करीब चार साल बाद दोनों को पहली बार पैरोल मिली है।

भाई के जनाजे में होंगे शामिल

अबान की गुरुवार सुबह झांसी में सड़क हादसे में मौत हो गई थी। जानकारी के मुताबिक वह अपने भाई अली से मिलने जा रहा था। कार में उसके साथ चार अन्य लोग भी थे। हाईवे पर एक जानवर को बचाने के दौरान कार डिवाइडर से टकरा गई। हादसे में अबान और उसके दोस्त सोनू की मौत हुई, जबकि तीन अन्य लोग घायल हुए। अबान का शव प्रयागराज लाया जा चुका है। अली और उमर को सीधे कसारी-मसारी कब्रिस्तान ले जाने की तैयारी है, जहां अबान को दफनाया जाएगा।

पिता और भाई की कब्र के पास दफन होगा अबान

अबान को प्रयागराज के उसी कब्रिस्तान में सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा, जहां उसके पिता अतीक अहमद, चाचा अशरफ और भाई असद की कब्रें हैं। दोनों भाई अंतिम संस्कार में शामिल होने के बाद पुलिस सुरक्षा में वापस जेल ले जाए जाएंगे। इस पूरी प्रक्रिया के दौरान पुलिस का फोकस सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने और दोनों भाइयों को तय शर्तों के तहत ही अंतिम संस्कार में शामिल कराने पर है।

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