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जिस उम्र में लोगों के कांपते हैं हाथ, अशोक बहार ने 65 साल की उम्र में NEET की परीक्षा देकर रचा इतिहास

NEET 2026: 65 साल के अशोक बहार ने साबित कर दिया कि सीखने की कोई उम्र नहीं होती। एमबीए और एलएलबी कर चुके अशोक लखनऊ में NEET परीक्षा देने पहुंचे, जो युवाओं के लिए एक बड़ी प्रेरणा बनी है।

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लखनऊ

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Pratiksha Gupta

May 04, 2026

NEET 2026, Ashok Bahar NEET Exam

NEET Motivation Story | फोटो सोर्स- patrika.com

NEET 2026: राजधानी लखनऊ के एक परीक्षा केंद्र पर रविवार को एक अनूठी और प्रेरणादायक तस्वीर देखने को मिली। 65 वर्षीय अशोक बहार NEET की परीक्षा में शामिल होने पहुंचे, जिसे देखकर परीक्षा केंद्र पर मौजूद युवा भी हैरान रह गए। एमबीए और एलएलबी की डिग्री धारक अशोक बहार इससे पहले एक खाद कंपनी में मार्केटिंग हेड के पद पर काम कर चुके हैं।

जब पुलिस को भी हुआ शक

परीक्षा केंद्र पर जब अशोक बहार पहुंचे, तो उनकी उम्र देखकर सुरक्षाकर्मियों और पुलिस को थोड़ा शक हुआ। उन्होंने अशोक से पूछताछ की, लेकिन जब उनका एडमिट कार्ड और आधार कार्ड चेक किया गया तो सभी दस्तावेज सही पाए गए। इसके बाद उन्हें परीक्षा में बैठने की इजाजत दी गई।

परिवार का माहौल बना प्रेरणा

परीक्षा देकर बाहर आने के बाद अशोक बहार ने बताया कि वह लखनऊ विश्वविद्यालय के छात्र रहे हैं। उनके परिवार में हमेशा से शिक्षा और चिकित्सा का माहौल रहा है। उनकी पत्नी डॉ. मंजुल बहार अमेरिका में डॉक्टर हैं और उनके कई रिश्तेदार भी चिकित्सा क्षेत्र से जुड़े हैं। इसी पारिवारिक माहौल ने उन्हें मेडिकल क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। अशोक ने वर्ष 2000 में अपनी नौकरी से स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ले ली थी।

'दवा लिखने के लिए चाहिए डिग्री'

अशोक ने बताया कि उन्हें दवाओं की अच्छी समझ है, लेकिन बिना डॉक्टर की डिग्री के वे मरीजों को दवा नहीं लिख सकते। इसी कमी को पूरा करने के लिए उन्होंने यह परीक्षा दी है। उन्होंने युवाओं को सीख देते हुए कहा कि उम्र या हालात को देखकर कभी अपने सपनों को नहीं छोड़ना चाहिए। अगर आपका लक्ष्य साफ है और मेहनत करने का जज्बा है, तो कोई भी मंजिल पाई जा सकती है।
'NEET जैसी परीक्षा के लिए कोई उम्र की सीमा नहीं होती। सिर्फ उम्र या परिस्थितियों को देखकर अपने सपनों को मत छोड़िए। लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत करने का साहस हो, तो कोई भी मुकाम हासिल किया जा सकता है।'

पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे मामले

अशोक के अलावा भी देश में ऐसे उदाहरण देखने को मिले हैं। ओडिशा के रहने वाले 64 वर्षीय किशोर प्रधान ने 2020 में नीट की परीक्षा पास की थी। वहीं, अलीगढ़ के 69 वर्षीय बुजुर्ग मोहन लाल भी नीट की परीक्षा में शामिल हो चुके हैं। अशोक का यह कदम एक बार फिर यह साबित करता है कि सीखने की कोई उम्र नहीं होती।