
BIG NEWS: दो सिपाहियों की हत्या के बाद योगी सरकार के आदेश पर पुलिस विभाग में होगा बड़ा बदलाव
मेरठ. संभल में पेशी के बाद तीन बंदियों द्वारा दो सिपाहियों की हत्या की घटना को लेकर उत्तर प्रदेश सरकार के आदेश यूपी पुलिस बड़ा कदम उठाने जा रही है। संभल जैसी घटना भविष्य में न दोहराई जाए इसके लिए पुलिस पेशी पर लाने और ले जाने वाले वाहनों को जीपीएस से लैस करने जा रही है, ताकि बंदी वाहनों पर नजर बनी रहे। पुलिस जीपीएस की मदद से बंदियों के साथ जाने वाले पुलिसकर्मियों पर हर घंटे लोकेशन चेक करती रहेगी। इसके साथ ही पेशी पर जाने वाले पुलिसकर्मियों को ब्रिटिशकालीन राइफल के स्थान पर इंसास दी जाएंगी।
बता दें कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाल ही में पेशी के दौरान बंदियों को छुड़ाने और पुलिसकर्मियों की हत्या की दो घटनाएं हो चुकी हैं। पहली घटना मुजफ्फरनगर में हुई थी, जिसमें कुछ बदमाश एक दरोगा की हत्या कर कुख्यात रोहित उर्फ सांडू को छुड़ा ले गए थे। वहीं ताजा घटना बुधवार शाम को संभल में हुई, जहां पेश के बंदियों को जेल ले रही वैन में सवार तीन बंदियों ने दो सिपाहियों की गोली मारकर हत्या कर दी है। इस दोनों बड़ी घटनाओं को देखते हुए उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से यूपी पुलिस को सख्ती बरतने के आदेश जारी किए गए हैं। यही वजह है कि मेरठ के एसएसपी अजय साहनी ने पुलिस लाइन से पेशी जाने वाले सभी वाहनों को जीपीएस से लैस करने के निर्देश जारी किए हैं।
वॉट्सएप से भी हर घंटे लोकेशन भेजेंगे पुलिसकर्मी
एसएसपी अजय साहनी ने बताया कि वाहनों में जीपीएस लगाने की जिम्मेदारी एसपी ट्रैफिक संजीव कुमार को दी गई है। जीपीएस लगने के बाद सभी वाहनों की पूरी लोकेशन पुलिस के पास रहेगी। इसके साथ ही बंदियों के साथ जाने वाले पुलिसकर्मियों को वाट्सएप नंबर के जरिए कंट्रोल रूम से जोड़ा जाएगा, ताकि पुलिसकर्मी भी अपनी लाइव लोकेशन से प्रत्येक घंटे कंट्रोल रूम अपडेट देते रहें। उन्होंने बताया कि वाहनों में जीपीएस लगने के बाद बंदी गाड़ियां तक बदल देते है। यदि इसके बाद भी कोई लोकेशन पर नहीं मिला तो उसके खिलाफ कार्रवाई होगी।
पेशी के दौरान अब इंसास से लैस होंगे पुलिसकर्मी
वहीं एसएसपी अजय साहनी ने एसपी क्राइम को आदेश जारी करते हुए कहा है कि सभी थानों से ब्रिटिशकालीन सभी राइफल मंगा ली जाएं। उनके स्थानों पर इंसास जारी की जाएं। उन्होंने बताया कि पेशी पर जाने वाले पुलिसकर्मी अब राइफल के स्थान पर इंसास लेकर ही जाएंगे। उन्होंने बताया कि इसके साथ ही आपराधिक जगत से जुड़े रहे लोगों में से किसे-किसे गनर दिया गया है। इसकी जानकारी भी सीओ एलआइयू और आरआई से मांगी गई है। जल्द ही उनके गनर हटाए जाएंगे। उन्होंने बताया कि गनर्स को भी आदेश जारी किए गए है कि वह जिसके साथ भी चल रहे हैं, उसकी संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखें।
Published on:
19 Jul 2019 01:30 pm
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