साहिब सिंह पर उस समय हमला किया गया जब वह सुबह टहलने निकले थे। हुड पहने दो लोग उनके पास पहुंचे और कुछ बहस हुई। इसके बाद उनमें से एक ने सिंह के पेट पर मुक्का मारा। इससे वह गिर गए और उनकी पगड़ी निकल गई। वह उठने की कोशिश कर रहे थे तभी दूसरे ने उनके पेट पर लात मारी और उन पर थूक दिया। इससे पहले गत 31 जुलाई को 50 वर्षीय सुरजीत मलही से मारपीट की गई थी। इस दौरान उन्हें काफी चोटें भी आई थी। गौरतलब है कि अमरीका में इससे पहले एक इंजीनियर भी नस्लीय हिंसा शिकार हुआ था। उसकों अमरीकी ने गोली मारकर मार डाला था। यह वाक्य एक मार्केट में हुआ था, जब वह अपने दोस्त से बात कर रहा था।