
किसान आंदोलन
नई दिल्ली। कृषि कानूनों ( Farm Bill ) के खिलाफ अपनी मांगों को लेकर सड़कों पर उतरे किसानों का प्रदर्शन ( Farmer Protest ) अब भी जारी है। आंदोलन को लेकर सरकार के साथ हुई बातचीच बेनतीजा रही। इस बीच बुधवार को किसान बड़े प्रदर्शन की तैयारी में हैं। पंजाब और हरियाणा से बड़ी संख्या में किसान अब राजधानी दिल्ली कूच की तैयारी में हैं। वहीं दिल्ली-नोएडा का चिल्ला बॉर्डर सील कर दिया गया है।
किसानों की ओर से जाम की गई दिल्ली की सड़कों पर किसानों की तादाद बुधवार को ओर बढ़ने वाली है। ऐसे में दिल्लावासियों की मुश्किलें इस प्रदर्शन के चलते कुछ बढ़ सकती हैं। आपको बता दें कि पंजाब के खेल जगत के नामी सितारे भी किसानों के समर्थन में आ गए हैं।
बातचीत में नहीं निकला कोई हल
किसानों के प्रदर्शन के बीच सरकार ने मंगलवार को बातचीत के लिए बुलाया। करीब चार घंटे चली बातचीत बेनतीजा ही निकली। सरकार ने किसानों को समझाने की कोशिश की, हालांकि किसान अपनी मांगों पर अड़े रहे।
सरकार के साथ बातचीत का हिस्सा रहे किसान नेता चंदा सिंह ने कहा कि कृषि कानूनों के खिलाफ हमारा आंदोलन जारी रहेगा। किसान संगठनों ने कहा कि सरकार को कानून वापस लेने पर विचार करना चाहिए। आपको बता दें कि 3 दिसंबर को एक बार फिर सरकार और किसानों के बीच बातचीत होना है।
ऑटो-टैक्सी संगठन ने दिया आश्वासन
दरअसल बुधवार को दिल्ली की सड़कों पर किसानों के बड़े आंदोलन के चलते ये बात लगातार सामने आ रही थी कि किसानों के समर्थन में दिल्ली के ऑटो और टैक्सी चालक हड़ताल कर सकते हैं। हालांकि ऑटो-टैक्सी संगठन ने ये साफ किया है कि वे आंदोलन के बीच ऑटो-टैक्सी का संचालन जारी रखेंगे।
किसान जुटा रहे दवा और राशन
सरकार से दो-दो हाथ कर रहे किसान अब किसी भी कीमत पर पीछे हटने के मूड में नहीं दिखाई दे रहे हैं। यही वजह है कि किसान संगठन लगातार दवा और राशन जुटाने में लगे है, ताकि लंबे समय तक डंटे रह सकें। दिल्ली रवाना होने से पहले ट्रैक्टरों पर बड़ी तादात में दवा और राशन लादा जा रहा है।
हर घर से एक सदस्य के हिस्सा लेने की अपील
दरअसल पंचायतों ने अपील की है कि किसानों के हर एक परिवार से कम से कम एक सदस्य दिल्ली भेजा जाए ताकि प्रदर्शनकारी किसानों का हौसला बढ़ाया जा सके।
प्रशासन को चुनौती देने की तैयारी
राजधानी दिल्ली की बॉर्डर जैसे-जैसे प्रशासन की ओर से फोर्स बढ़ रही है किसान संगठन भी अलर्ट हो गए हैं। प्रदर्शन को तेज करने के लिए किसान अब और ज्यादा प्रदर्शनकारियों को जुटाने की कोशिश में हैं, ताकि चुनौती दी जा सके।
किसानों के समर्थन में सितारे
किसानों के समर्थन में अब पंजाब के कई नामी सितारे सामने आए हैं। जालंधर के दर्जन भर सम्मानित और सीनियर खिलाड़ियों ने सरकार को चेतावनी दी है कि अगर 5 दिनों के भीतर कृषि कानून रद्द नहीं किए गए तो वह विरोध स्वरूप अपने मेडल और सम्मान वापस कर देंगे।
पंजाबी फिल्म जगत के कई सितारे जिनमें कलाकार, लेखक, गायक और संगीतकार शामिल हैं, पहले ही किसानों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर प्रदर्शन में शामिल हो रहे हैं।
राजस्थान के किसान में भी आंदोलन में कूदेंगे
केन्द्रीय कृषि कानूनों के विरोध को लेकर राजस्थान के किसान भी अब सड़कों पर उतरेंगे। राजस्थान की अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति ने 3 दिसंबर को दो घंटे जाम का ऐलान किया है।
Published on:
02 Dec 2020 08:45 am
