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कर्नाटक सरकार का बड़ा ऐलान, महाराष्ट्र-केरल और गुजरात-तमिलनाडु के लोगों के प्रवेश पर पाबंदी

मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा ने सोमवार को मंत्रियों-अधिकारियों संग की बैठक। कंटेनमेंट जोन में सख्ती के साथ होगा लॉकडाउन के दिशा-निर्देशों का पालन। बाकी राज्य के भीतर बसों, ट्रेनों का संचालन, दुकानें खोलने की छूट।

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karnataka govt announcement

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बेंगलूरु। कोरोना वायरस के बढ़ते कहर के बीच कर्नाटक सरकार ने सोमवार को बड़ी घोषणा की है। प्रदेश के मुख्यमंत्री बी एस येदियुरप्पा ने सोमवार को कहा कि गुजरात, महाराष्ट्र, केरल और तमिलनाडु के लोगों को 31 मई तक राज्य में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी।

मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा ने सोमवार को राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन के चौथे चरण के संबंध में केंद्र द्वारा जारी दिशा-निर्देशों पर चर्चा करने के लिए राज्य के मंत्रियों और वरिष्ठ सरकारी अधिकारियों के साथ एक बैठक की। इस बैठक के बाद उन्होंने कहा, "हमने फैसला किया है कि गुजरात, महाराष्ट्र, केरल और तमिलनाडु के लोगों को 31 मई तक प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाए।"

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उन्होंने कहा, "लॉकडाउन के दौरान कर्नाटक में राज्य सड़क परिवहन निगम की बसें और निजी बसें चलेंगी। कंटेनमेंट जोन में लॉकडाउन के दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन किया जाएगा जबकि अन्य इलाकों में आर्थिक गतिविधियों को जारी रखने की अनुमति होगी। रविवार को राज्य भर में टोटल लॉकडाउन होगा। होम क्वारंटाइन को और मजबूत किया जाएगा।"

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि सभी दुकानों को खुला रखने की अनुमति दी जाएगी और प्रदेश के भीतर चलने वाली सभी ट्रेनों के संचालन की अनुमति दी जाएगी।

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वहीं, प्रदेश के उप मुख्यमंत्री डॉ. सी.एन. अश्वथनारायण ने बताया, "कर्नाटक ने महाराष्ट्र, केरल, गुजरात, तमिलनाडु के लोगों के आने को प्रतिबंधित करने का फैसला किया है। जिन लोगों ने अब तक सेवा सिंधु पोर्टल के माध्यम से अनुमति प्राप्त की है, केवल उन्हें अनुमति दी जाएगी, लेकिन 31 मई तक कोई और अनुमति नहीं दी जाएगी।"

केंद्र सरकार ने रविवार को COVID-19 के चलते जारी राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन को आगामी 31 मई तक के लिए बढ़ा दिया है, लेकिन सोमवार से सरकार ने इस दौरान कुछ नई ढील जरूर दी हैं।

केंद्रीय गृह मंत्रालय ने राज्य/संघ शासित प्रदेशों को ग्रीन, ऑरेंज और रेड जोन के वर्गीकरण किए जाने की शक्तियां भी दी हैं, जिससे वे कंटेनमेंट जोन को छोड़कर बाकी इलाकों में गतिविधियों को शुरू करने के लिए अनुमति दे सकें।

केंद्र के दिशा-निर्देशों के मुताबिक, "इन दिशा-निर्देशों के तहत विशेष रूप से निषिद्ध उन सभी को छोड़कर अन्य सभी गतिविधियों की अनुमति दी जाएगी। हालांकि, कंटेनमेंट जोन में केवल आवश्यक गतिविधियों की ही अनुमति दी जाएगी, जैसा कि पूर्व में उल्लेख किया जा चुका है।"