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सुप्रीम कोर्ट: फिल्‍म ‘राम की जन्‍मभूमि’ पर रोक से इनकार, मध्‍यस्‍थता पर नहीं पड़ेगा असर

अयोध्‍या विवाद का समाधान बातचीत से हो 3 मध्यस्थों के पैनल की सभी पक्षों से बातचीत जारी मध्‍यस्‍थता के कारण फिल्‍म की रिलीज रोकना उचित नहीं
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नई दिल्ली

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Dhirendra Kumar Mishra

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Updated: 28 Mar 2019, 1:20 PM IST

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सुप्रीम कोर्ट: फिल्‍म 'राम की जन्‍मभूमि' पर रोक से इनकार, मध्‍यस्‍थता पर नहीं पड़ेगा फर्क

नई दिल्‍ली।सुप्रीम कोर्ट ने फिल्‍म 'राम की जन्‍मभूमि' की रिलीज पर रोक लगाने और तत्‍काल सुनवाई करने से इनकार कर दिया है। अब इस मामले की सुनवाई दो सप्‍ताह बाद होगी। एक याची ने रिट दायर कर फिल्‍म पर रोक लगाने की मांग की थी। इस मामले में याचिकाकर्ता ने आरोप लगाया था कि फिल्‍म 'राम की जन्‍मभूमि' रिलीज से अयोध्‍या विवाद को लेकर जारी मध्‍यस्‍थता खटाई में पड़ सकती है। मध्‍यस्‍थता की प्रक्रियाएं रुक सकती हैं। याची ने इस बात को आधार बनाते हुए फिल्‍म की रिलीज पर रोक और तत्‍काल सुनवाई की मांग की थी।

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निराशावादी होने की जरूरत नहीं

गुरुवार को याची का पक्ष सुनने के बाद सुप्रीम कोर्ट के न्यायमूर्ति एसए बोबडे और न्यायमूर्ति एस अब्दुल नजीर की की पीठ ने कहा कि फिल्म और मध्यस्थता के बीच कोई संबंध नहीं है। कोई भी फिल्म इतने बड़े विवाद को लेकर जारी मध्यस्थता की प्रक्रिया को कैसे रोक सकती है। राजनीतिक पार्टियां इसे निपटाना चाहती हैं।

पीठ ने कहा कि हम इस मामले में निराशावादी नहीं हो सकते कि मध्‍यस्‍थता की वजह से एक फिल्‍म की रिलीज को रोक दें।

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मध्‍यस्‍थता के जरिए समाधान निकालने पर जोर

दरअसल, अयोध्‍या विवाद को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने बीते 8 मार्च को सभी पक्षों को आदेश दिया था कि इस समस्‍या का समाधान बातचीत के जरिए निकालने का प्रयास करें। कोर्ट ने इसके लिए पूर्व जस्टिस एम खलीफुल्ला की अध्यक्षता में 3 मध्यस्थों का एक पैनल भी बनाया है। कोर्ट ने मध्यस्थों से कहा है कि वो 8 हफ्ते में काम खत्म करें। शीर्ष अदालत ने यह भी कहा कि अगर इस प्रक्रिया से कोई हल नहीं निकलता तो कोर्ट में सुनवाई जारी रहेगी।