
राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम पर सीएम फडणवीस ने साधा निशाना (Photo: IANS)
Rahul Gandhi Chhatron ki Goonj Program: कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के 22 अगस्त को पुणे में प्रस्तावित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को पुलिस ने अनुमति दे दी है। यह कार्यक्रम शहर के आरटीओ चौक के पास एसएसपीएमएस कॉलेज मैदान में शाम 4:30 बजे से रात 9:30 बजे तक आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम में करीब 8,000 से 10,000 लोगों के शामिल होने का अनुमान है। हालांकि, कार्यक्रम को अनुमति मिलने के बाद महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि उन्हें नहीं पता कि यह वास्तव में ‘छात्रों की गूंज’ है या राहुल गांधी अपने लिए एक मंच तलाश रहे हैं।
देवेंद्र फडणवीस ने दावा किया कि पुणे और आसपास के क्षेत्रों में कांग्रेस से जुड़े शिक्षण संस्थानों की केवल महिला छात्रों को पंजीकृत करने के निर्देश दिए गए हैं और प्रवेश भी उन्हीं को दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम एक नियंत्रित माहौल में आयोजित किया जाएगा। उन्होंने कहा, ऐसी स्थिति में यह कार्यक्रम छात्रों के साथ संवाद के बजाय एकतरफा बातचीत यानी कांग्रेस की ओर से आमंत्रित लोगों के सामने ‘मोनोलॉग’ बनकर रह जाएगा। मुख्यमंत्री की इस टिप्पणी के बाद कार्यक्रम को लेकर सियासी बयानबाजी और तेज होने की संभावना है।
पुणे पुलिस ने कार्यक्रम के लिए कुल 30 शर्तें तय की हैं। अनुमति आदेश में आयोजकों को कार्यक्रम के दौरान आपत्तिजनक तस्वीरों, बैनरों या अन्य सामग्री के प्रदर्शन पर रोक लगाने के निर्देश दिए गए हैं।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि कार्यक्रम के दौरान किसी भी धार्मिक भावना को ठेस नहीं पहुंचनी चाहिए। यदि कार्यक्रम में कोई अप्रिय घटना होती है और उससे कानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ती है, तो इसके लिए आयोजकों को जिम्मेदार माना जाएगा।
महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष मोहन जोशी ने पुलिस की अनुमति की पुष्टि करते हुए कहा कि आयोजक पुलिस की ओर से तय सभी 30 शर्तों का पालन करेंगे।
पुलिस की अनुमति के मुताबिक, आयोजकों को कार्यक्रम स्थल पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था करनी होगी। इसके अलावा पुरुषों और महिलाओं के लिए अलग व्यवस्था, पर्याप्त प्रवेश और निकास द्वार, पीने के पानी, शौचालय और अग्नि-सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराने होंगे। कार्यक्रम में आने वाले लोगों के लिए पार्किंग की पर्याप्त व्यवस्था करना भी आयोजकों की जिम्मेदारी होगी।
पुलिस ने आयोजन स्थल पर फोटोग्राफी के लिए ड्रोन के इस्तेमाल पर रोक लगाई है। साथ ही पुलिस, मेडिकल और फायर ब्रिगेड की गाड़ियों के लिए आपात स्थिति में रास्ता खुला रखने का निर्देश दिया गया है।
पुणे पुलिस की अनुमति ट्रैफिक विभाग से एनओसी मिलने पर निर्भर करेगी। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि कार्यक्रम के दौरान कानून-व्यवस्था को प्रभावित करने वाली कोई अवैध गतिविधि सामने आती है, तो अनुमति को किसी भी समय रद्द किया जा सकता है। इसके अलावा कार्यक्रम स्थल को लेकर किसी तरह का विवाद पैदा होने पर भी अनुमति तत्काल रद्द की जा सकती है।
Updated on:
20 Aug 2026, 1:39 PM IST
Published on:
20 Aug 2026, 1:17 PM IST
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