
कीर्ति आजाद ने केंद्र सरकार पर लगाया आरोप (photo-IANS)
Bengal Politics: बंगाल में विधानसभा चुनाव हारने के बाद ममता बनर्जी की मुश्किलें कम होने का नाम ही नहीं ले रही है। विधानसभा में पार्टी टूटने और संसद में सांसदों के जाने के बाद अब पार्टी की वरिष्ठ नेता चंद्रिमा भट्टाचार्य ने भी सभी पदों से इस्तीफा दे दिया. इसके बाद पार्टी के अंदर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। वहीं अब इस पर टीएमसी सांसद कीर्ति आजाद ने मोदी सरकार पर गंभीर आरोप लगाया है।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार विपक्षी नेताओं को डराने और उन पर दबाव बनाने के लिए केंद्रीय जांच एजेंसियों का इस्तेमाल कर रही है। टीएमसी सांसद ने कहा कि जो लोग सत्ता में लंबे समय तक रहे हैं, उनमें कुछ ने भ्रष्टाचार और गलत काम किए हैं, इसलिए अब वे भाग रहे हैं।
इस दौरान मोदी सरकार पर विपक्षी नेताओं को धमकाने का भी आरोप लगाया है। कीर्ति आजाद ने कहा कि नेताओं को डराया और धमकाया जा रहा है। जो लोग दबाव में नहीं आते, उनके खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ED) और केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) जैसी एजेंसियों का इस्तेमाल किया जाता है।
बता दें कि शनिवार को टीएमसी की वरिष्ठ नेता चंद्रिमा भट्टाचार्य ने पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा दे दिया। उनके इस फैसले के बाद पार्टी के अंदर सियासी विवाद गहरा गया है। इसके बाद चंद्रिमा भट्टाचार्य ने सभी पद छोड़ने का कारण भी बताया।
उन्होंने कहा कि उनका इस्तीफा टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी की एक टिप्पणी के बाद आया। उनका आरोप है कि ममता बनर्जी ने फोन पर उनसे कहा कि उन्होंने 'तृणमूल भवन' को ऋतब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले बागी गुट के हवाले कर दिया। इस आरोप से वे बेहद आहत हुईं।
चंद्रिमा भट्टाचार्य के इस्तीफे के बाद ममता बनर्जी ने अपने टीएमसी गुट के राज्य अध्यक्ष का पद भी संभाल लिया है। वहीं, टीएमसी के वरिष्ठ नेता कल्याण बनर्जी ने कहा कि चंद्रिमा के इस्तीफे से पार्टी पर कोई असर नहीं पड़ेगा। उन्होंने कहा कि पार्टी की ताकत पहले जैसी बनी हुई है और कार्यकर्ता ममता बनर्जी के नेतृत्व में पूरी तरह एकजुट हैं। उनके मुताबिक, किसी के आने या जाने से तृणमूल कांग्रेस कमजोर नहीं होगी।
Updated on:
05 Jul 2026 01:43 pm
Published on:
05 Jul 2026 01:43 pm
