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पंजाब के बठिंडा में किसानों और पुलिस के बीच झड़प, पथराव हुआ तो दागे आंसू गैस के गोले

Bathinda farmers clash: बठिंडा में किसानों और पुलिस की इस झड़प में कुछ किसान घायल हो गए। पुलिस नाकाबंदी कर किसानों को रोकना चाहती थी, लेकिन ​वे रूकने की बजाय आगे बढ़ रहे थे। बिगड़ते हालात को देखते हुए किसानों पर आंसू गैस के गोले छोड़े।
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भटिंडा

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Shaitan Prajapat

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Updated: 18 Feb 2026, 4:04 PM IST

bhatinda-farmers-protest

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Punjab farmers protest: पंजाब के बठिंडा में बुधवार को गिरफ्तार किए गए किसानों को रिहा करने की मांग को लेकर माहौल बिगड़ गया। बठिंडा की ओर बढ़ रहे किसानों और पुलिस के बीच जिउंद गांव के पास जोरदार झड़प हो गई। प्रदर्शन कर रहे किसान डिप्टी कमिश्नर कार्यालय के घेराव करने के लिए जमा हो गए, इस दौरान पुलिस ने गांव को घेर लिया। किसानों को रोके जाने की वजह से दोनों पक्षों में धक्का-मुक्की हो गई। बिगड़ते हालात को संभालने के लिए पुलिस ने किसानों पर आंसू गैस के गोले दागे।

पुलिस ने किसानों पर छोड़े आंसू गैस के गोले

बठिंडा में किसानों और पुलिस की इस झड़प में कुछ किसान घायल हो गए। पुलिस नाकाबंदी कर किसानों को रोकना चाहती थी, लेकिन ​वे रूकने की बजाय आगे बढ़ रहे थे। बिगड़ते हालात को देखते हुए किसानों पर आंसू गैस के गोले छोड़े।

जानें किसान क्यों कर रहे है आंदोलन

बताया जा रहा है कि किसान पंजाब से बठिंडा आ रहे है। कई किसान संगठनों के आह्वान पर बड़ी संख्या में किसान इकट्ठा होने की संभावना है। किसानों की मांग है कि उनके सभी साथियों को रिहा नहीं किया जाता तब तक यह आंदोलन करते रहेंगे।

भारी पुलिस बल तैनात

पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। जिले की सभी प्रमुख बॉर्डरों पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। बाहर से आने वाले किसानों पर पेनी नजर रखी जा रही है। इसके साथ ही शहर में एंट्री करने वाले सभी रास्तों की चेकिंग की जा रही है।

किसानों ने आरोप लगाया है कि उन्हें डीसी दफ्तर तक पहुंचने से रोकने के लिए पुलिस उनके घरों में भी छापेमारी कर रही है। कुछ लोगों को पूछताछ के लिए थाने बुलाया जा रहा है। आम लोगों को जबरदस्ती परेशान किया जा रहा है।