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जेन-ज़ी के दौर में शिक्षा से रोजगार का नया नैरेटिव गढ़ रही कांग्रेस

Congress' New Narrative: जेन-ज़ी के दौर में कांग्रेस नया नैरेटिव गढ़ रही है। क्या है यह नैरेटिव? आइए जानते हैं।
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भारत

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Tanay Mishra

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Shadab Ahmed

Aug 20, 2026

Congress flags

कांग्रेस (File Photo)

युवाओं के बदलते राजनीतिक मिज़ाज और छात्रों के सवालों को लेकर बढ़ती बेचैनी के बीच कांग्रेस (Congress) ने अपनी सियासत का ट्रैक बदलने की कोशिश की है। कांग्रेस कार्यसमिति (सीडब्ल्यूसी) की बैठक में ‘छात्रों की गूंज’ को देशभर में विस्तार देने, शिक्षा और परीक्षा व्यवस्था की समीक्षा करने की गई। बैठक में यह तय हुआ कि राम मंदिर ट्रस्ट के चढ़ावा चोरी के मुद्दे पर कांग्रेस देशभर में अभियान चलाएगी।

नया नैरेटिव गढ़ रही कांग्रेस

जेन-ज़ी के दौर में कांग्रेस शिक्षा से रोजगार का नया नैरेटिव गढ़ रही है। देश के कई हिस्सों में पेपर लीक, भर्ती में देरी, बेरोजगारी और महंगी शिक्षा जैसे सवाल छात्रों के बीच राजनीतिक असंतोष का आधार बन रहे हैं। ऐसे समय में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे (Mallikarjun Kharge) की अध्यक्षता में हुई सीडब्ल्यूसी बैठक में राहुल गांधी (Rahul Gandhi) के ‘छात्रों की गूंज’ अभियान को जेन-ज़ी के बीच खाली जगह को पकड़ने की कोशिश बताया है। यही वजह है कि कोटा से शुरू हुए इस अभियान को अब 800 शहरों तक बढ़ाने का फैसला हुआ। राहुल खुद भी कई शहरों में जाकर छात्रों से संवाद करेंगे। इसके अलावा कांग्रेस शासित चारों राज्यों के मुख्यमंत्रियों से ज़रूरी सुधार और शिक्षा से रोजगार पर एक महीने में रिपोर्ट देने को कहा है।

कई नेताओं ने लिया सीडब्ल्यूसी बैठक में हिस्सा

सीडब्ल्यूसी बैठक में खरगे और राहुल के अलावा कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी (Sonia Gandhi), प्रियंका गांधी वाड्रा (Priyanka Gandhi Vadra), के.सी.वेणुगोपाल (K.C. Venugopal), जयराम रमेश (Jairam Ramesh), सचिन पायलट (Sachin Pilot) समेत कई अन्य नेताओं ने हिस्सा लिया।

वंदे मातरम् के दो पद ही गाएगी कांग्रेस, बीजेपी हमलावर

वंदे मातरम् पर कांग्रेस के रुख से विवाद बढ़ता जा रहा है। वेणुगोपाल और रमेश ने पत्रकारों के सवाल पर कहा कि वंदे मातरम् पर कांग्रेस का रुख साफ है। 1937 में महान नेताओं की मौजूदगी में जो निर्णय किया गया था, कांग्रेस उसे मानेगी। पार्टी के कार्यक्रमों में वंदे मातरम् के शुरुआती दो पद ही गाए जाएंगे। वहीं इस मुद्दे पर बीजेपी (BJP) ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। बीजेपी सांसद सुधांशु त्रिवेदी (Sudhanshu Trivedi) ने कांग्रेस के प्रस्ताव को अत्यंत निंदनीय बताते हुए आरोप लगाया कि कांग्रेस के लिए पार्टी देश से ऊपर हो गई है। कांग्रेस कार्यसमिति का प्रस्ताव संविधान द्वारा दिए गए अधिकारों और संसद से पारित कानूनों से भी ज़्यादा महत्वपूर्ण माना जा रहा है।