
मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी (Photo-IANS)
INDIA Bloc Meeting: दिल्ली में बुधवार को INDIA गठबंधन की साढ़े तीन घंटे लंबी बैठक हुई। बैठक के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की और कहा कि पूरा विपक्ष चुनावी निष्पक्षता बनाए रखने और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट है। गठबंधन ने 2 अक्टूबर से 8 अक्टूबर तक देशव्यापी सेव डेमोक्रेसी मार्च आयोजित करने का फैसला किया है। इस विरोध प्रदर्शन के तहत, विपक्षी गठबंधन के सभी सांसद 6 अक्टूबर को संसद से चुनाव आयोग मुख्यालय तक पैदल मार्च करेंगे। इसके अलावा अक्टूबर के दूसरे हफ्ते में राष्ट्रपति से मुलाकात और देश भर में पांच महारैलियों का आयोजन भी होगा।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि देश की जनता, युवाओं और गठबंधन के तमाम कार्यकर्ताओं को एक स्पष्ट कार्यक्रम दिया गया है। इसके अलावा, नागरिक समाज, NGO और संविधान में विश्वास रखने वाले नागरिकों को एकजुट करके 2 से 8 अक्टूबर तक देश भर में जिला स्तर पर सेव डेमोक्रेसी मार्च निकाला जाएगा। इस दौरान हर जिले में जिला मजिस्ट्रेट (DM) कार्यालयों के बाहर विरोध प्रदर्शन किए जाएंगे और जनता को इस अभियान की ज़रूरत के बारे में जागरूक किया जाएगा।
आंदोलन के दूसरे बड़े कार्यक्रम की जानकारी देते हुए खरगे ने कहा, "विपक्ष के सभी सांसद 6 अक्टूबर को चुनाव आयोग (EC) मुख्यालय तक मार्च करेंगे। हम आज ही चुनाव आयोग जाना चाहते थे, लेकिन हमने लोकसभा और राज्यसभा के सभी सांसदों को एक बड़े, संयुक्त विरोध प्रदर्शन के लिए औपचारिक रूप से आमंत्रित करने का फैसला किया। पार्टी की राजनीति से ऊपर उठकर, हम उन सभी सांसदों को आमंत्रित करेंगे जो देश के लोकतंत्र और संविधान की रक्षा करना चाहते हैं।"
खरगे ने कहा कि विपक्षी दलों के प्रमुख नेता भारत के राष्ट्रपति से मिलने का समय मांगेंगे। उन्होंने बताया कि विपक्षी नेता अक्टूबर के दूसरे हफ्ते में राष्ट्रपति के साथ बैठक करेंगे। राष्ट्रपति को एक औपचारिक ज्ञापन सौंपा जाएगा, जिसमें सरकार द्वारा पैदा की जा रही संवैधानिक बाधाओं, संस्थाओं के दुरुपयोग और प्रशासनिक अनियमितताओं का ब्योरा होगा।
आंदोलन को जन-आंदोलन में बदलने के लिए, विपक्षी गठबंधन देश भर में पांच बड़ी रैलियां आयोजित करेगा। खरगे ने कहा कि इन पांच बड़ी रैलियों की तारीखों और जगहों की घोषणा सहयोगी दलों से बातचीत के बाद जल्द ही अलग से की जाएगी।
कांग्रेस अध्यक्ष ने केंद्र सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि देश में चुनाव चुराए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह चोरी करवा रहे हैं और इसी रास्ते से चुनाव जीत रहे हैं। चुनाव आयोग एक निष्पक्ष अंपायर की जगह सरकार का मददगार बनकर रह गया है।
मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा, 'हमने देश के युवाओं, आम जनता और गठबंधन के कार्यकर्ताओं को एक स्पष्ट रोडमैप दिया है। हम 2 से 8 अक्टूबर तक देश भर में सेव डेमोक्रेसी मार्च निकालेंगे और 6 अक्टूबर को विपक्षी दलों के सभी सांसद मिलकर चुनाव आयोग का घेराव करेंगे।"
बैठक में खरगे ने कहा कि SIR के नाम पर देश भर में वोटर लिस्ट से 13.3 करोड़ वैध वोटरों के नाम हटा दिए गए हैं, जिससे उन्हें लोकतंत्र में हिस्सा लेने के अधिकार से वंचित कर दिया गया है। अगर नाम हटाए गए हैं, तो जनता को यह जानने का अधिकार है कि किसके नाम हटाए गए और क्यों।
खरगे ने कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) की पोल खुल गई है। उनके दो साथी चुनाव आयुक्तों ने पिछले 10 महीनों में 14 बार पत्र लिखकर सवाल उठाए हैं। अगर उनमें जरा भी संवैधानिक या नैतिक गरिमा बची है, तो उन्हें तुरंत अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए और वोटर लिस्ट में हेरफेर के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सरकारी गवाह बन जाना चाहिए।
Updated on:
30 Sep 2026, 3:10 PM IST
Published on:
30 Sep 2026, 2:32 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.