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‘शर्म करो, थोड़ी रीढ़ की हड्डी दिखाओ’, बागी सांसदों और यूसुफ पठान पर बरसीं महुआ मोइत्रा

Trinamool Congress Crisis: टीएमसी में बगावत के बीच महुआ मोइत्रा ने बागी सांसदों और यूसुफ पठान पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि जनता ने उन्हें TMC के नाम पर चुना था, NDA के लिए नहीं, और BJP में जाना है तो पहले इस्तीफा दें।

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भारत

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Rahul Yadav

Jun 08, 2026

Mahua Moitra Lashes Out at Rebel TMC MPs

TMC सांसद महुआ मोइत्रा (फोटो: ANI)

Mahua Moitra Lashes Out at Rebel TMC MPs: तृणमूल कांग्रेस में जारी राजनीतिक संकट के बीच पार्टी सांसद महुआ मोइत्रा ने बागी सांसदों पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने उन सांसदों को निशाने पर लिया है जिनके बारे में दावा किया जा रहा है कि वे भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) को समर्थन देने की तैयारी कर रहे हैं। महुआ मोइत्रा ने कहा कि इन सांसदों को जनता ने TMC के नाम पर चुना था, न कि NDA या BJP के लिए।

महुआ मोइत्रा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कई पोस्ट कर बागी नेताओं की आलोचना की और यहां तक कि क्रिकेटर से सांसद बने यूसुफ पठान का नाम लेकर भी सवाल उठाए।

जनादेश NDA के लिए नहीं था

महुआ मोइत्रा ने कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव में जिन सांसदों को जनता ने चुना, उन्हें TMC के उम्मीदवार के रूप में वोट मिला था। उन्होंने लिखा कि जनता का जनादेश NDA के लिए नहीं था।

उन्होंने बागी सांसदों को चुनौती देते हुए कहा कि अगर उन्हें BJP में जाना है तो पहले सांसद पद से इस्तीफा देना चाहिए और फिर BJP के टिकट पर चुनाव लड़कर जनता का सामना करना चाहिए।

महुआ ने कहा, "जो लोग स्वार्थ और लालच में पार्टी छोड़ना चाहते हैं वे BJP में शामिल हो सकते हैं लेकिन पहले अपनी सीट से इस्तीफा दें और फिर चुनाव लड़ें। तब पता चलेगा कि जनता उनके साथ है या नहीं।"

यूसुफ पठान पर भी साधा निशाना

महुआ मोइत्रा ने अपने एक अन्य पोस्ट में TMC सांसद यूसुफ पठान का नाम लेते हुए उन पर भी निशाना साधा। उन्होंने दावा किया कि यूसुफ पठान दिल्ली इसलिए जा रहे हैं क्योंकि उन्हें केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बुलाया है।

महुआ ने लिखा, "आपने भारत के लिए क्रिकेट खेला है। हमारे जिले की जनता ने आपको बड़े अंतर से जिताया है। थोड़ी शर्म और थोड़ी रीढ़ की हड्डी दिखाइए।" यह बयान सामने आते ही TMC के भीतर चल रही खींचतान और खुलकर सामने आ गई है।

20 सांसदों के NDA को समर्थन देने का दावा

महुआ मोइत्रा की यह प्रतिक्रिया ऐसे समय आई है जब TMC की बागी सांसद काकोली घोष दस्तिदार ने दावा किया है कि पार्टी के करीब 20 सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को पत्र लिखकर NDA को समर्थन देने की इच्छा जताई है।

बताया जा रहा है कि इन सांसदों ने संसद में अलग पहचान बनाने और NDA के साथ जाने की संभावनाओं पर विचार किया है। हालांकि इस मामले पर अभी तक लोकसभा सचिवालय या TMC नेतृत्व की ओर से कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

दल-बदल कानून के तहत क्या है गणित?

राजनीतिक जानकारों के अनुसार, बागी सांसदों का यह कदम दल-बदल विरोधी कानून को ध्यान में रखकर उठाया गया प्रतीत होता है।

संविधान की दसवीं अनुसूची के तहत यदि किसी दल के दो-तिहाई सांसद या विधायक एक साथ अलग गुट बनाते हैं तो उन्हें अयोग्यता से राहत मिल सकती है। TMC के लोकसभा में 28 सांसद हैं। ऐसे में दो-तिहाई संख्या 19 के आसपास बैठती है। यही वजह है कि 20 सांसदों के समर्थन का दावा राजनीतिक रूप से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

सांसदों की बगावत ने बढ़ाई ममता की परेशानी

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में हार के बाद से TMC के भीतर असंतोष लगातार बढ़ता दिखाई दे रहा है। पहले विधायकों की बगावत, फिर नेताओं के इस्तीफे और अब सांसदों के NDA से संपर्क की खबरों ने पार्टी नेतृत्व की चिंता बढ़ा दी है।

हाल ही में कई बागी सांसदों और नेताओं की दिल्ली में BJP नेताओं से मुलाकात की खबरें भी सामने आई थीं, जिसके बाद पार्टी के भीतर टूट की अटकलें और तेज हो गई हैं।

ममता बनर्जी के सामने नई चुनौती

TMC प्रमुख ममता बनर्जी पहले से ही पार्टी के भीतर बढ़ते असंतोष से जूझ रही हैं। ऐसे में सांसदों के संभावित विद्रोह और NDA को समर्थन की चर्चाओं ने उनकी मुश्किलें और बढ़ा दी हैं।

महुआ मोइत्रा का यह तीखा हमला संकेत देता है कि पार्टी नेतृत्व अब बागी नेताओं के खिलाफ खुलकर मोर्चा खोलने के मूड में है। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि TMC इस संकट से कैसे निपटती है और क्या बागी सांसद वास्तव में NDA के साथ जाने का फैसला करते हैं।

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