
कांग्रेस नेता गौरव गोगोई(फोटो-ANI)
Congress On PM CARES Fund: असम में दशकों की सबसे भीषण बाढ़ में से एक से जूझ रहे राज्य के बीच PM CARES Fund के इस्तेमाल को लेकर कांग्रेस नेता गौरव गोगोई ने केंद्र सरकार पर सवाल उठाए हैं। गोगोई का दावा है कि मार्च 2025 तक फंड का कॉर्पस बढ़कर 8,452 करोड़ रुपये हो गया, लेकिन वित्त वर्ष 2024-25 में इसमें से सिर्फ 87.85 लाख रुपये खर्च किए गए।कांग्रेस ने PM CARES Fund की उपयोगिता पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब असम को बाढ़ के दौरान तत्काल आर्थिक मदद की जरूरत थी, तब भी फंड से राज्य के लिए सहायता नहीं दी गई। पार्टी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से असम के लिए 10,000 करोड़ रुपये के विशेष पैकेज की मांग की है।
गौरव गोगोई के मुताबिक, PM CARES Fund की ताजा ऑडिट रिपोर्ट में मार्च 2025 तक इसका कॉर्पस 8,452 करोड़ रुपये बताया गया है। पार्टी का दावा है कि वित्त वर्ष 2024-25 में फंड को करीब 1,280 करोड़ रुपये का दान मिला, जबकि इसी अवधि में केवल 87.85 लाख रुपये खर्च किए गए। कांग्रेस ने यह भी दावा किया कि फंड के करीब 93 फीसदी कॉर्पस को फिक्स्ड डिपॉजिट में रखा गया था। पार्टी ने सवाल उठाया कि जब देश के किसी हिस्से में बड़ी आपदा आती है और लोगों को तत्काल राहत की जरूरत होती है, तो इस फंड का इस्तेमाल क्यों नहीं किया जा रहा है।
गौरव गोगोई ने कहा कि केंद्र ने असम के लिए SDRF के तहत 379.35 करोड़ रुपये की पहली किस्त मंजूर की है। पार्टी का आरोप है कि बाढ़ से हुए नुकसान को देखते हुए यह सहायता पर्याप्त नहीं है। कांग्रेस ने कहा कि बाढ़ के कारण ग्रामीण इलाकों में सड़क, दुकान, स्कूल और पेयजल जैसी बुनियादी सुविधाओं को नुकसान पहुंचा है। ऐसे में राज्य को बड़े पैमाने पर आर्थिक सहायता की जरूरत है।
गौरव गोगोई ने PM CARES Fund के गठन को लेकर भी सवाल उठाए। पार्टी ने कहा कि देश में पहले से प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) मौजूद है, जिसका इस्तेमाल बड़े पैमाने पर आपात स्थितियों में किया जा सकता है। गौरव गोगोई ने आरोप लगाया कि PM CARES Fund का उद्देश्य अलग-अलग स्रोतों से संसाधन जुटाकर बड़ी आपदाओं में मदद करना था, लेकिन असम में बाढ़ के दौरान फंड से सहायता नहीं मिलने पर लोगों को संगठनों और आम नागरिकों से मिलने वाली मदद पर निर्भर रहना पड़ा। पार्टी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से असम के लिए 10,000 करोड़ रुपये के विशेष पैकेज की मांग की है, ताकि बाढ़ से हुए आर्थिक नुकसान और ग्रामीण बुनियादी ढांचे को हुए नुकसान की भरपाई की जा सके।
PM CARES Fund के कॉर्पस में हुई बढ़ोतरी को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने भी सवाल उठाए हैं। उन्होंने पूछा कि जब ग्रामीण सरकारी स्कूलों में बुनियादी सुविधाओं की कमी है, तो PM CARES Fund में मौजूद हजारों करोड़ रुपये का इस्तेमाल इन स्कूलों की स्थिति सुधारने के लिए क्यों नहीं किया जा रहा है। दीपके के मुताबिक, ऑडिटेड स्टेटमेंट में PM CARES Fund का कॉर्पस 2023-24 में 7,173.03 करोड़ रुपये से बढ़कर 2024-25 में 8,452.07 करोड़ रुपये बताया गया है। यानी एक साल में फंड के कॉर्पस में करीब 17.8 फीसदी की बढ़ोतरी हुई।
Updated on:
20 Aug 2026 06:48 pm
Published on:
20 Aug 2026 06:22 pm
