
केतन अग्रवाल और सिया गोयल, photo: ANI
Ketan Agrawal Murder Case: पुणे के चर्चित केतन अग्रवाल मर्डर केस में पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। मामले की गहन जांच के दौरान पुणे ग्रामीण पुलिस ने साज़िश में सक्रिय रूप से शामिल मुख्य आरोपी चेतन चौधरी के दोस्त रितेश हांगे को गिरफ्तार कर लिया है। अदालत ने उसे 12 सितंबर तक पुलिस कस्टडी में भेज दिया है।
पुणे ग्रामीण के पुलिस अधीक्षक (SP) संदीप सिंह गिल ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि शुरुआती जांच के दौरान रितेश हांगे से पूछताछ की गई थी और उसका बयान दर्ज किया गया था। हालांकि, उस समय उसने पुलिस को जो जानकारियां दी थीं, वे पूरी तरह गलत और गुमराह करने वाली थीं। इसके बाद पुलिस की साइबर फोरेंसिक टीम ने डेटा रिकवरी और तकनीकी जांच का सहारा लिया। डिजिटल सबूतों की पड़ताल से रितेश का झूठ पकड़ा गया और साज़िश में उसकी सीधी संलिप्तता के पक्के सबूत मिलने के बाद उसे गिरफ्तार किया गया।
SP संदीप सिंह गिल के अनुसार, जब मुख्य आरोपी चेतन और सिया ने मिलकर केतन को अपनी जिंदगी से हटाने का फैसला किया, तब से ही रितेश हांगे इस खौफनाक योजना का हिस्सा था। चेतन और सिया ने केतन को शारीरिक नुकसान पहुंचाने और उसकी हत्या की साजिश रचते समय रितेश से लगातार चर्चा की थी। दोनों आरोपी अपनी इस पूरी प्लानिंग की हर छोटी-बड़ी बात रितेश के साथ शेयर करते थे। रितेश न केवल उनका साथ दे रहा था, बल्कि इस आपराधिक साजिश को अंजाम देने की योजना में लगातार सक्रिय भूमिका निभा रहा था।
पुलिस ने बताया कि इस पूरे मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) (हत्या) और धारा 61(2) (आपराधिक साजिश) के तहत मामला दर्ज किया गया है। आरोपी रितेश हांगे को BNS की धारा 61(2) के तहत गिरफ्तार किया गया है। साइबर फोरेंसिक से मिले मजबूत तकनीकी सबूतों के आधार पर पुलिस केस को अंतिम रूप दे रही है। पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया है कि तय कानूनी समय-सीमा के भीतर अदालत में एक मजबूत चार्जशीट दाखिल कर दी जाएगी।
Updated on:
8 Sep 2026, 4:24 AM IST
Published on:
8 Sep 2026, 4:24 AM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.