7 सितंबर 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

तेलंगाना विधानसभा में हंगामा, विरोध कर रही BRS विधायक के बाल खींचे, KTR समेत कई नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया

Telangana Assembly: तेलंगाना विधानसभा के मानसून सत्र की शुरुआत हंगामे के साथ हुई। कांग्रेस सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे BRS नेताओं को हिरासत में लिया गया, जबकि BJP विधायकों ने 22A भूमि विवाद की न्यायिक जांच की मांग उठाई।
2 min read
Google source verification
Telangana Assembly Monsoon Session News

प्रदर्शन कर रहे BRS के नेता। (फोटो-ANI)

KTR Detained: तेलंगाना विधानसभा के मानसून सत्र की शुरुआत सोमवार को भारी हंगामे के साथ हुई। कांग्रेस सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे भारत राष्ट्र समिति (BRS) के नेताओं को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। इनमें पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामा राव (KTR) और विधायक हरीश राव भी शामिल थे। दूसरी तरफ BJP विधायकों ने भी विधानसभा में जमीन से जुड़े 22A विवाद की न्यायिक जांच की मांग उठाई।

काले कपड़ों में विधानसभा पहुंचे BRS विधायक

रेवंत रेड्डी सरकार के खिलाफ विरोध जताने के लिए BRS के विधायकों के काले कपड़े पहनकर विधानसभा पहुंचने के बाद तनाव बढ़ गया। पार्टी का आरोप था कि कांग्रेस सरकार को सत्ता में आए 1,000 दिन पूरे हो गए। इसके बाद भी ये अपने वादों को पूरा करने में नाकाम रहे हैं। इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में पार्टी नेता और कार्यकर्ता शामिल हुए। BRS नेताओं को विधानसभा परिसर में प्रवेश करने की अनुमति नहीं मिली। इसके बाद KTR, हरीश राव और अन्य नेताओं को पुलिस ने हिरासत में ले लिया।

महिला विधायक के बाल खींचे

इस विरोध प्रदर्शन के बीच एक वीडियो में हैदराबाद सिटी पुलिस की SWAT टीम की एक महिला कर्मचारी BRS विधायक सबिता इंद्रा रेड्डी को हिरासत में लेते समय उनके बाल खींचती दिखाई दी। प्रदर्शन के कारण तेलंगाना विधानसभा के बाहर भारी ट्रैफिक जाम लग गया, जो लगभग 30 से 40 मिनट तक चला, क्योंकि बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता और पुलिसकर्मी वहां जमा हो गए थे।

KTR ने कांग्रेस पर लगाए गंभीर आरोप

KTR ने कांग्रेस पर झूठे वादे करके सत्ता में आने का आरोप लगाया। KTR के मुताबिक, कांग्रेस ने 420 वादे किए थे और कहा था कि इन्हें 100 दिनों के भीतर पूरा किया जाएगा। उन्होंने दावा किया कि ये वादे बॉन्ड पेपर पर लिखकर दिए गए थे, लेकिन 1,000 दिन बीतने के बाद भी कोई वादा पूरा नहीं हुआ।

BJP ने 22A भूमि विवाद की जांच मांगी

इसी बीच BJP विधायकों ने निजी जमीनों को रजिस्ट्रेशन एक्ट की धारा 22A के तहत प्रतिबंधित सूची में शामिल किए जाने के मुद्दे पर बहस और न्यायिक जांच की मांग की। BJP विधायक प्रश्नकाल के दौरान तख्तियां लेकर पहुंचे और बाद में स्पीकर के आसन के पास भी गए।