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World Sanskrit Day 2021: विश्व संस्कृत दिवस आज, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दी शुभकामनाएं

World Sanskrit Day 2021 : आज देशभर में विश्व संस्कृत दिवस मनाया जा रहा है। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी देशवासियों को बधाई देते हुए यह संदेश दिया है।
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मुंबई

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Subodh Kumar Tripathi

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Updated: 22 Aug 2021, 1:41 PM IST

World Sanskrit Day 2021

World Sanskrit Day 2021

विश्व संस्कृत दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत वासियों को इस दिन की बधाई देते हुए लोगों को संस्कृत के प्रति जागरूक किया है। पीएम ने लोगों को संस्कृत पढ़ने के लिए भी प्रेरित किया।

सोशल मीडिया पर किया ट्वीट-

संस्कृत दिवस के अवसर पर रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित विभिन्न केंद्रीय मंत्रियों ने शुभकामनाएं दी है। इस अवसर पर पीएम मोदी सहित धर्मेंद्र प्रधान ने भी संस्कृत भाषा का महत्व बताया और सोशल मीडिया पर ट्वीट किया।

पीएम ने लिखा-

पीएम मोदी ने ट्वीट करते हुए लिखा- ये भाषा प्राचीन और आधुनिक भी है। जिसका तत्वज्ञान गहन है और काव्य भी तरुण है। जो अभ्यास योग्य सरल है और श्रेष्ठ दर्शन से युक्त है। संस्कृत भाषा को अधिक से अधिक लोगों को पढ़ना चाहिए। सभी को संस्कृत दिवस की शुभकामनाएं।

एकता में पिरोने वाली भाषा-

यही बात संस्कृत भाषा में लिखते हुए धर्मेंद्र प्रधान ने लिखा- संस्कृत सिर्फ एक भाषा नहीं है, बल्कि भारत का जीवन दर्शन है। संस्कृत भारत को एकता में भी पिरोने वाली भाषा है। ज्ञान विज्ञान की भाषा, प्राचीन और आधुनिक भाषा भी है।तत्वज्ञान की भाषा और सभी की भाषा है। सभी को संस्कृत दिवस की शुभकामनाएं।

51 साल पहले हुई थी संस्कृत दिवस की शुरुआत-

भारत में संस्कृत दिवस पहली बार 1969 में मनाया गया था। यह दिवस भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय के आदेश से केंद्रीय तथा राज्य स्तर पर मनाने के निर्देश जारी किए गए थे। उसी दिन से पूरे भारत में संस्कृत दिवस श्रावण पूर्णिमा के दिन मनाया जाता है। इस दिन को संस्कृत दिवस के लिए इसलिए भी चुना गया था। क्योंकि इसी दिन प्राचीन भारत में शिक्षण सत्र शुरू होता था। इसी दिन वेद पाठ भी प्रारम्भ होता था और इसी दिन विद्यार्थियों को शास्त्रों के अध्ययन की शुरुआत करवाते थे। फिर पौष माह की पूर्णिमा से श्रावण माह की पूर्णिमा तक अध्ययन बंद रहता था। प्राचीन काल में फिर से श्रावण पूर्णिमा से पोष पूर्णिमा तक अध्ययन चलता था। आज भी गुरुकुलों में श्रावण पूर्णिमा से ही वेद अध्ययन प्रारंभ होता है। इसलिए उस दिन को संस्कृत दिवस के रूप में मनाया जाता है। इस दिवस को देश सहित विदेश में बड़े उत्साह से मनाया जाता है। इसी के चलते प्रधानमंत्री सहित विभिन्न मंत्रियों द्वारा संस्कृत दिवस की बधाइयां दी गई है।