
दिल्ली: मसाज करने की नौकरी देने के नाम पर ठगी करने वालों का पर्दाफाश, दो लड़की समेत चार गिरफ्तार
नई दिल्ली। बेरोजगारों को रोजगार दिलाने के नाम पर ठगी करने का मामला कोई नया नहीं है लेकिन इसके बावजूद हजारों लोग ठगी का शिकार हो जाते हैं। राजधानी दिल्ली समेत कई बड़े शहरों में इस तरह से ठगी करने वालों का गिरोह सक्रिय है। इसी तरह दिल्ली में बड़े-बड़े होटलों में लड़कियों व महिलाओं का मसाज करने की नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले गिरोह के सरगना समेत तीन को तीस हजारी पुलिस चौकी ने गिरफ्तार किया है। तीन आरोपियों में से लड़की भी शामिल है और इसके साथ एक पुलिस ने एक नाबालिग लड़की को भी गिरफ्तार किया है।
लड़कियां लोगों को फोन कर नौकरी का देती थी झांसा
आपको बता दें कि दिल्ली के रोहिणी में फर्जी कॉल सेंटर खोलकर यह गिरोह लड़कियों और महिलाओं को मसाज करने की नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करते थे। उत्तरी जिला डीसीपी नूपुर प्रसाद ने आरोपियों की पहचान श्रीराम, आकाश, निशा और एक नाबालिग को रुप में की है। पुलिस के मुताबिक श्रीराम अमन विहार किराड़ी सुलेमान का रहने वाला है। पहले वह एक कॉल सेंटर में काम करता था। कॉल सेंटर में जब उसे अच्छी कमाई करने के अवसर दिखे तो उसने नौकरी छोड़ दी और रोहिणी, सेक्टर 20 में फर्जी कॉल सेंटर खोल ली। यहां पर वह कुछ लड़कों और लड़कियों को नौकरी पर रखा लिया। फिर सबके साथ मिलकर ठगी करे का धंधा शुरू कर दिया। पुलिस को जांच में यह भी पता चला कि श्री राम पहले भी श्री साई नाम से एक कॉल सेंटर चलाता था। यहां पर वह ऑनलाइन धूपबत्ती बेचने के नाम पर ठगी करता था। इसके बाद वह कई अन्य नामों से अलग-अलग कॉल सेंटर चलाने लगा। पुलिस को यह भी जानकारी मिली की निशा और आकाश मंगोलपुरी का रहने वाला है। आकाश श्रीराम का बिजनेस पार्टनर है। जबकि निशा श्रीराम के कॉल सेंटर में नौकरी करती थी। वह लोगों को कॉल करके नौकरी का झांसा देती थी। इसके अलावे गिरफ्तार नाबालिग भी वहां नौकरी करती है।
पेटीएम से लेते थे पैसे
आपको बता दें कि बीते महीने 28 अगस्त को नाबालिक लड़की ने कॉल कर रिंकू पांडेय नाम के एक शख्स को दिल्ली-एनसीआर के बड़े-बड़े होटलों में लड़कियों व महिलाओं का मसाज करने की नौकरी करने का ऑफर दिया। रिंकू से कहा कि इस काम के लिए उन्हें प्रतिदिन 40 हजार रुपए मिल सकते हैं। इसके अलावा उन्हें घरों में भी भेजा जा सकता है। 29 अगस्त को रिंकू को फिर से कॉल किया गया जिसपर पैसे की लालच में आकर नौकरी के लिए हामी भर दी। लड़की ने निशा को अपना सीनियर बताकर रिंकू की बात कराई। बातचीत के दौरान निशा ने नौकरी के बारे में बढ़ा-चढ़ाकर रिंकू को समझाया और फिर उनसे मसाज के लिए अलग तरह का तेल व क्रीम खरीदने, पंजीकरण कराने सहित अन्य बहानों से 1.18 लाख रुपये दो पेटीएम में ट्रांसफर करवा लिया। इसके बाद सामान की डिलीवरी के लिए रिंकू को तीस हजारी कोर्ट के पास बुलाया गया। जब रिंकू वहां पहुंचा तो उस जगह पर कोई भी नहीं मिला। जब उनलोगों को कॉल किया गया तो मोबाइल बंद आया। इस पर रिंकू को शक हुआ।
FIR दर्ज
बता दें कि जब रिंकू को इस बात का शक हुआ कि उससे ठगी की गई है तो फौरन ही तीस हजारी चौकी में 30 अगस्त को एफआईआर दर्ज कराई। पुलिस ने जांच शुरू की तो पाया कि फर्जी नाम-पते पर पेटीएम अकाउंट को बनाया गया था। इस पर इंस्पेक्टर अनंत किरण व तीस हजारी के चौकी इंचार्ज भारत की टीम ने जब पेटीएम को नोटिस भेज जानकारी मांगी तब पता चला कि उस पेटीएम से श्रीराम ने अपने ऑफिस व घर के बिजली के बिल का भुगतान किया था। इस सुराग के आधार पर पुलिस ने चारों आरोपियों को बुधवार को धर दबौचा। पुलिस ने कॉल सेंटर से 10 मोबाइल, 25 से ज्यादा सिम कार्ड, लैपटॉप आदि सामान जब्त किए हैं। पुलिस अब इनलोगों को हिरासत में लेक पूछताछ कर रह है कि अब तक कितने लोगों को ठगी का शिकार बनाया है और इनका नेटवर्ट और कहां-कहां फैला है।
Published on:
7 Sep 2018, 3:36 PM IST
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