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जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा ने केस दोबारा खोलने से साफ किया इनकार, नई दलील लेकर कोर्ट पहुंचे केजरीवाल को लगा झटका

Kejriwal High Court Case: दिल्ली हाई कोर्ट ने केजरीवाल की नई दलील और अतिरिक्त हलफनामा स्वीकार करने से इनकार कर दिया। कोर्ट ने साफ कहा कि फैसला पहले ही सुरक्षित रखा जा चुका है, इसलिए अब मामले में आगे कोई सुनवाई नहीं होगी।
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नई दिल्ली

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Harshita Saini

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Updated: 19 Apr 2026, 3:25 PM IST

kejriwal high court case affidavit rejected no further hearing delhi court decision

अरविंद केजरीवाल को लगा झटका (सोर्स-IANS)

Kejriwal High Court Case: शराब नीति सुनवाई मामले में केजरीवाल ने दिल्ली हाईकोर्ट के दरवाज फिर से खटखटाए, लेकिन उन्हें वहां से कोई राहत नहीं मिली। सुनवाई के दौरान केजरीवाल ने हलफनामा देकर अपनी बात फिर से रखने की कोशिश की, लेकिन कोर्ट ने उसे मानने से मना कर दिया। अदालत ने साफ कहा कि अब इस मामले को दोबारा नहीं खोला जाएगा। इस फैसले को केजरीवाल के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। इसके बाद से राजनीति के गलियारों में भी काफी हलचल देखनो को मिल रही है।

जस्टिस स्वर्णकांता ने क्या कहा?

मामले की सुनवाई कर रहीं जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा ने बहुत स्पष्ट रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि जज को इस केस से हटाने की जो मांग केजरीवाल ने की है, उस पर फैसला अभी सुरक्षित रखा गया है। इसलिए जब तक उस पर अंतिम निर्णय नहीं आ जाता, तब तक मामले की आगे की सुनवाई शुरू नहीं की जाएगी। हालांकि उनके हलफनाम को रजिस्ट्री में स्वीकार किए जाने की मंजूरी दे दी थी।

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए रखी अपील

अरविंद केजरीवाल ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अदालत में अपनी बात रखी। उन्होंने जज से कहा कि उनके अतिरिक्त हलफनामे को रिकॉर्ड में लिया जाए, ताकि वे अपनी बात ठीक से समझा सकें। उन्होंने अपने रिक्यूजल आवेदन का भी जिक्र किया और बताया कि यह उनके लिए जरूरी है। लेकिन उनकी इस मांग को कोर्ट ने नहीं माना।

CBI की दलील

इस दौरान केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो(CBI) की ओर से पेश हुए सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने अदालत को बताया कि ऐसी अपील पहले ही खारिज की जा चुकी है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि अदालत चाहे तो हलफनामा रिकॉर्ड में लिया जा सकता है और जांच एजेंसी उसकी ओर से जवाब भी दाखिल करेगी।

केस अब आगे नहीं बढ़ेगा

अदालत ने साफ कहा कि अब इस मामले में आगे कोई सुनवाई नहीं होगी। जज ने बताया कि फैसला पहले ही सुरक्षित रखा जा चुका है, इसलिए इसे दोबारा खोलने का कोई कारण नहीं है। कोर्ट ने यह भी कहा कि CBI द्वारा दिया गया जवाब केजरीवाल को दिया जा सकता है। इसके साथ ही इस मामले की सुनवाई पूरी तरह खत्म कर दी गई।