
Rekha Gupta Government: रेखा गुप्ता की सरकार ने दिल्लीवासियों को लिए बड़ा फैसला किया है। दरअसल, सरकार ने नोटिफिकेशन जारी किया है कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) की आय सीमा को दोगुने से अधिक कर दिया गया है। अब प्राइवेट अस्पतालों में इलाज कराना और भी आसान हो जएगा। इसके साथ ही दिल्ली के हेल्थ मिनिस्टर पंकज सिंह ने चेतावनी देते कहा है कि अगर आयुष्मान कार्ड धारकों के इलाज कोई प्राइवेट अस्पताल अगर कोताही करता है तो उस पर कार्रवाई की जाएगी।
एक निजी यूट्यूब चैनल पर पॉडकास्ट करने के दौरान मंत्री पंकज सिंह ने पिछली सरकारों पर स्वास्थ्य व्यवस्था बिगाड़ने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि आम आदमी की सरकार में अच्छे डॉक्टर भी मरीजों का इलाज नहीं कर पा रहे थे। मंत्री पद संभालने के बाद जांच में देखा कि दिल्ली के अस्पतालों में 21 प्रतिशत स्टाफ की कमी थी, जिसके बाद नर्सों और डॉक्टरों की जॉइनिंग कराई गई। दवाओं के मामले में भ्रष्टाचार था, उसे कम किया गया। मंत्री ने कहा कि जब से दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी की सरकार आई है, तब से डेंटल और स्वास्थ्य व्यवस्था को सुधारने का काम किया गया है।
आयुष्मान कार्ड को लेकर उन्होंने कहा कि जब आदरणीय प्रधानमंत्री मोदी ने इसे शुरू किया था, तो विपक्ष के लोगों ने इसे लागू नहीं होने दिया। जिसका विश्वास प्राइवेट अस्पतालों में था, उनके लिए भी उन्होंने कार्ड की व्यवस्था की। इस दौरान उन्होंने दिल्ली के सरकारी अस्पतालों में इलाज से संबंधित मशीनों को बढ़ाने की भी बात की। उन्होंने जन आरोग्य मंदिर खोलने की भी बात की, जिसमें खांसी, नजला, बुखार जैसी छोटी बीमारियों का प्राथमिक उपचार किया जाएगा।
वहीं, आयुष्मान कार्ड धारक को प्राइवेट अस्पताल से लौटाने की बात पर मंत्री ने कहा कि सरकारी पोर्टल पर लगभग 225 अस्पताल पैनल में शामिल हैं। शुरूआती दौर में कुछ शिकायतें आई थीं, जिन पर हमने तुरंत कार्रवाई की थी। उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर फिर कोई अस्पताल आयुष्मान कार्ड धारक का इलाज करने में आनाकानी करेगा, तो उस पर कार्रवाई की जाएगी। साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि गरीबों का इलाज करने वाले प्राइवेट अस्पतालों को सरकार की तरफ से अब तक 24 करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है।
आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) की आय सीमा में बदलाव करते हुए रेखा गुप्ता की सरकार ने इसे अब 5 लाख रुपये तक कर दिया है। दरअसल, पहले यह सीमा 2.20 लाख रुपये थी, लेकिन अब 5 लाख रुपये तक सालाना आय वालों को इस कैटेगरी में शामिल करने का फैसला किया गया है। वहीं, दिल्ली सरकार की तरफ से स्पष्ट कहा गया है कि निर्धारित प्राइवेट अस्पतालों में EWS मरीजों के इलाज के लिए नई आय सीमा तत्काल प्रभाव से लागू की जानी चाहिए। इसके साथ ही यह भी निर्देश दिया गया है कि मरीजों के इलाज में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बता दें कि रेखा सरकार के लिए गए इस फैसले से दिल्ली के लाखों परिवारों को राहत मिलने वाली है।
Updated on:
03 Jan 2026 12:17 pm
Published on:
03 Jan 2026 12:17 pm
