
BJP MLA Meet On March 20 To Elect New CM Of Uttarakahand
उत्तराखंड (Uttarakhand) में चुनाव नतीजे आने के बाद भी अब तक सरकार का गठन नहीं किया गया है। यही नहीं प्रदेश में अगला मुख्यमंत्री कौन होगा इसको लेकर भी सस्पेंस बरकार है। ऐसे में सबकी नजरे टिकी हुई हैं कि आखिर बीजेपी किसको उत्तराखंडा का मुख्यमंत्री बनाएगी। इस बीच बीजेपी विधायक (BJP MLA) दल की बैठक 20 मार्च को देहरादून (Dehradun) में आयोजित होनी थी, जो कि टल गई है। भाजपा आलाकमान ने पुष्कर धामी और मदन कौशिक को दिल्ली तलब किया है। दोनों नेता दिल्ली पहुँच गए हैं। इसके साथ ही राजनीतिक गलियारों में इस बात की चर्चा भी जोरों पर हैं कि एक बार फिर पुष्कर सिंह धामी के नाम पर मुहर लग सकती है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी इस बार विधानसभा का चुनाव हार गए हैं. बीजेपी ने उन्हीं के चेहरे पर चुनाव लड़ा है. इस वजह से बीजेपी को नया नेता चुनने में दिक्कत आ रही है।
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हालांकि अब देहरादून में विधायक दलों की बैठक आयोजित की जा रही है। ऐसे में पूरी उम्मीद है कि विधायक दल का नेता चुन लिया जाएगा।
खबरों के मुताबिक शनिवार को ही नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह की बैठक होने वाली है। इसी बैठक में उत्तराखंड के नए सीएम का नाम तय हो सकता है। यानी शीर्ष नेतृत्व की ओर से अगले सीएम के नाम को हरी झंडी मिलेगी।
22 मार्च को हो सकता है शपथ ग्रहण समारोह
इसके बाद 20 मार्च को होने वाली बीजेपी विधायकों की बैठक में उस पर मुहर लगाई जाएगी। उत्तराखंड के नए मुख्यमंत्री का शपथ ग्रहण समारोह 22 मार्च को हो सकता है।
राजनाथ और मीनाक्षी लेखी पर जिम्मेदारी
भारतीय जनता पार्टी ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह को उत्तराखंड के लिए केंद्रीय पर्यवेक्षक और विदेश राज्यमंत्री मीनाक्षी लेखी को सहपर्यवेक्षक बनाया है। बीजेपी विधायकों की बैठक में ये दोनों नेता भी मौजूद रहेंगे। इन्हीं पर सभी को साथ लेकर एक नाम पर सहमति जताने के लिए राजी करने की जिम्मेदारी होगी।
सीएम रेस में ये नाम आगे
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पद की रेस में जिन नामों की चर्चा सबसे ज्यादा हो रही है उसमें सबसे आगे पुष्कर सिंह धामी, धन सिंह रावत और अनिल बलूनी शामिल हैं। हालांकि बीजेपी ने धामी के चेहरे पर ही चुनाव लड़ा था, लिहाजा उनके चांस ज्यादा है।
बीजेपी का जोर मंत्रिमंडल में युवा चेहरों को जगह देने पर है। पार्टी नेतृत्व 2024 के लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखकर नए मंत्रिमंडल में क्षेत्रीय और जातीय संतुलन बनाने की कोशिश कर रहा है।
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Updated on:
20 Mar 2022 07:48 am
Published on:
19 Mar 2022 02:40 pm
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