सीएम नारायणसामी को सुप्रीम कोर्ट का बड़ा झटका, कैबिनेट के निर्णय पर लगी रोक

  • पुडुचेरी में लंबे अरसे से एजली और सीएम में जारी है तनातनी
  • सीएम नारायणसामी का आरोप, एलजी केंद्र के इशारे पर कर रही हैं काम
  • लक्ष्‍मीनारायण की याचिका पर मद्रास हाईकोर्ट ने एलजी के खिलाफ दिया था आदेश

नई दिल्ली। पुडुचेरी के सीएम वी नारायणसामी को मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा झटका दिया। शीर्ष अदालत ने हाल ही में कैबिनेट के वित्तीय व्यवस्था को लेकर लिए गए निर्णय अमल न करने का आदेश सीएम नारायणसामी का निर्देश दिया है। बता दें कि पुडुचेरी की राज्‍यपाल किरण बेदी और मुख्‍यमंत्री के बीच कई दौर की बातचीत के बावजूद सुपर बॉस कौन है, के मुद्दे पर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। अब यह मामला पुडुचेरी से दिल्‍ली पहुंच गया है। गेंद सुप्रीम कोर्ट के पाले में है। मंगलवार को एलजी की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी। इससे पहले मद्रास हाईकोर्ट ने एलजी किरण बेदी के अधिकारों को कम करने को लेकर फैसला दिया था।

 

हाईकोर्ट के आदेश पर रोक

बता दें कि हाल ही में एलजी किरण बेदी ने मद्रास हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। सुप्रीम कोर्ट ने मद्रास हाईकोर्ट के आदेश पर स्‍टे लगाते हुए कांग्रेस विधायक लक्ष्‍मीनारायण को नोटिस जारी कर जवाब देने केा कहा था।

पुडुचेरी में बॉस कौन, किरण बेदी की याचिका पर SC में सुनवाई आज

मद्रास हाईकोर्ट ने क्‍या कहा था

मद्रास हाई कोर्ट ने किरण बेदी को झटका देते हुए कहा था कि एलजी के पास केंद्र शासित राज्य के प्रतिदिन के मामलों में दखल देने का अधिकार नहीं है। उन्‍हें दैनिक मामलों में चुनी हुई सरकार की सलाह पर अमल करना चाहिए।

 

Lakshminarayan

लक्ष्‍मीनारायण ने दायर की थी याचिका

मद्रास हाई कोर्ट ने यह फैसला कांग्रेस विधायक लक्ष्मीनारायण की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया था। लक्ष्मीनारायण ने 2017 में दैनिक गतिविधियों में एलजी के हस्तक्षेप को लेकर कोर्ट में याचिका दायर की थी। इससे पहले मुख्यमंत्री वी नारायणसामी ने आरोप लगाया था कि किरण बेदी केंद्र सरकार के इशारे पर राज्य की सरकार को अपना काम नहीं करने दे रही हैं।

आंध्र प्रदेशः विजय साईं की चेतावनी, चोरों को नहीं बख्‍शेंगे जगन मोहन रेड्डी

 

samy-kiran

सीएम ने लगाया था फाइल रोकने का आरोप

इस मामले में पुडुचेरी के मुख्‍यमंत्री वी नारायणसामी ने किरण बेदी पर आरोप लगाया था कि वह फाइलों को आगे नहीं बढ़ा रही हैं। ऐसा किरण बेदी केंद्र सरकार के इशारे पर कर रही हैं। वह राज्य सरकार को अपना काम नहीं करने दे रही हैं।

CBI की विशेष अदालत ने रॉबर्ट वाड्रा को विदेश जाने की इजाजत दी

नारायणसामी ने कहा था कि किरण बेदी को सरकार के काम में हस्तक्षेप करने का कोई अधिकार नहीं है, उन्हें सिर्फ पेपर पर दस्तखत करने हैं और उसे वापस मंत्रिपरिषद को भेज देना है। उन्हे कैबिनेट के फैसलों में हस्तक्षेप का कोई अधिकार नहीं है। वह निर्णय में हस्तक्षेप करके नियमों का उल्लंघन कर रही हैं।

मुजफ्फरपुर शेल्‍टर होम केस: SC का आदेश, 3 महीने में जांच पूरी करे CBI

अधिकार क्षेत्र को लेकर मचा है घमासान

दरअसल, पुड्डुचेरी में मुख्यमंत्री नारायण सामी और किरण बेदी के बीच काफी घमासान मचा हुआ था। यहां तक कि मुख्यमंत्री ने उप राज्यपाल के कार्यालय के बाहर धरना भी दिया था। ऐसे में अधिकारों की लड़ाई को लेकर यह मामला कोर्ट पहुंचा था, जिसपर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने किरण बेदी को बड़ा झटका दिया है।

kejriwal

केजरीवाल को उठाना पड़ा था नुकसान

बता दें कि कुछ इसी तरह का विवाद दिल्ली में मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और एलजी के बीच पिछले कुछ समय में देखने को मिला था। अंत में सुप्रीम कोर्ट ने विभागीय स्‍तर पर कामकाज का बंटवारा कर दिया था, जिसमें दिल्‍ली सरकार को नुकसान उठाना पड़ा था। ऐसा इसलिए कि जिन मामलों में केजरीवाल सरकार का विरोध जारी थे वे सभी मामले एलजी को अधिकार क्षेत्र में चला गया था।

दोस्‍त की ई-मेल से हैकर ने पूर्व CJI को लगाया चूना

Dhirendra
और पढ़े
खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned