
pratapgarh
स्थिति का जायजा लेने के लिए मंत्री पहुुंचे बड़ीसाखथली
पुलिस-प्रशासन हुआ चाक-चौबंद
तीन सौ से अधिक लोगों पर राजकार्य में बाधा के मामले दर्ज
सालमगढ़
सालमगढ़ थाने में घुसकर किए गए उपद्रव और पुलिस पर हमले के बाद तीसरे दिन बुधवार को जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग मंत्री नंदलाल मीणा बड़ीसाखथली पहुंच गए है। वहीं दूसरी ओर सर्वजन समाज की ओर से कलक्ट्री में प्रशासन को निष्पक्ष जांच के लिए ज्ञापन सौंपने पहुंचने वाले है। दूसरी ओर सालमगढ़ थाने में घुसकर पुलिस पर हमला और तोड़-फोड़ के मामले में तीन सौ से अधिक लोगों पर पुलिस ने मामले दर्ज किए है। पुलिस की ओर से इन लोगों की तलाश शुरू कर दी है।
बड़ीसाखथली में मंत्री नंदलाल मीणा के पहुंचने और प्रतापगढ़ जिला मुख्यालय पर सर्वजन समाज की ओर से एकत्रित होकर ज्ञापन देने के मामलों को लेकर पुलिस-प्रशासन चाक-चौबंद हो गया है। सालमगढ़, निनोर चौकी और बड़ीसाखथली में पुलिस बल तैनात है। इसके अलावा आला अधिकारी भी यहां पहुंच चुके है।
सालमगढ़ थाना क्षेत्र के बड़ीसाखथली में गत दिनों कथित दुष्कर्म के एक मामले में सख्त कार्रवाई नहीं होने पर आदिवासी समाज में रोष था। वहीं 17 जून को बड़ीसाखथली में हुए आदिवासी सम्मेलन के बाद पुलिस ने आम्बीरामा सरपंच पति तोलाराम को हिरासत में ले लिया था। इससे आक्रोशित लोगों ने 18 जून सुबह सालमगढ़ थाने में घुसकर पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट की। एक संतरी से राइफल लेकर भाग गए थे। थाने में तोड़-फोड़ भी की थी। इसके बाद शाम को पुलिस-प्रशासन और आदिवासी समाज के जनप्रतिनिधियों के बीच समझाइश वार्ता भी हुई थी। इस मामले में आगामी दिनों में ऐसी अप्रिय घटना नहीं हो, इसके लिए पुलिस-प्रशासन की ओर से प्रयास किए जा रहे है। इस मामले में उपखंड अधिकारी डॉ. कुलराज मीना और पुलिस के आला अधिकारी विभिन्न गांवों में गए और ग्रामीणों की बैठकें ली। जिसमें समझाइश की गई।
दूसरी ओर थाने में संतरी से छीनी गई राइफल पुलिस ने कस्बे से दो किलोमीटर दूर राणा का खेड़ा गांव के रास्ते पर पुलिया के पास एक खेत से बरामद की थी। इस मामले में जिले में अन्य समुदाय के लोगों में भी रोष देखा जा रहा है। निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की जा रही है। इसे लेकर दोपहर को जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपा जाएगा।
Published on:
20 Jun 2018 11:38 am
