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CG Fraud Case: प्रधान पाठक से 20 लाख की ठगी, परिचित ने लोन के नाम पर दिया धोखा

CG Fraud Case: छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में एक प्रधान पाठक से 20.76 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। परिचित व्यक्ति ने लोन निकालने के नाम पर धोखे से कर्ज ले लिया।

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प्रधान पाठक से 20 लाख की ठगी (photo source- Patrika)

प्रधान पाठक से 20 लाख की ठगी (photo source- Patrika)

CG Fraud Case: छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में एक हेड टीचर को उसके जान-पहचान वाले ने ठग लिया। उसके नाम पर धोखे से 20.76 लाख रुपए का लोन ले लिया गया। लोन न चुका पाने से परेशान होकर पीड़ित ने पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। यह घटना खरसिया पुलिस स्टेशन इलाके में हुई।

CG Fraud Case: जानें पूरा मामला…

बाम्हनपाली गांव के रहने वाले 41 साल के लोकनाथ रात्रे ने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई कि वह घरघोड़ा ब्लॉक के पानीखेत गांव के प्राइमरी स्कूल, गर्ल्स आश्रम में हेड टीचर हैं। उन्होंने बताया कि उनके जान-पहचान वाले विद्याचरण गोरे, जो सपिया के रहने वाले हैं, ने मई 2024 में उन्हें अपने मामा गिरीश कुमार जोल्हे से मिलवाया। इस दौरान गिरीश जोल्हे ने उन्हें अपने लोन से जुड़े काम के बारे में बताया और उनके नाम पर लोन दिलाने और सारी किश्तें खुद भरने का वादा किया।

गिरीश ने बताया कि बदले में वह लोकनाथ को उसके लोन अमाउंट का 35 परसेंट देगा। गिरीश पर भरोसा करके लोकनाथ ने उसे अपना पैन कार्ड और छह महीने की ऑनलाइन पे-स्लिप समेत दूसरे ज़रूरी डॉक्यूमेंट्स दे दिए। इसके आधार पर गिरीश ने अलग-अलग बैंकों से लोन फॉर्म लिए और उन पर लोकनाथ से साइन करवा लिए।

लोकनाथ रात्रे ने बताया कि उसने चोला मंडलम ब्रांच रायगढ़ से 6 लाख 40 हज़ार रुपये, ICICI बैंक ब्रांच रायगढ़ से 4 लाख रुपये, एक्सिस बैंक ब्रांच रायगढ़ से 6 लाख 65 हज़ार रुपये, स्टेट बैंक ऑफ़ इंडिया ब्रांच कोडतराई से 10 लाख 20 हज़ार रुपये, इस तरह कुल 27 लाख 25 हज़ार रुपये का लोन लिया।

रुपये अपने खाते में ट्रांसफर कराया

प्रोसेसिंग फीस, इंश्योरेंस और दूसरी लोन फीस काटने के बाद, ₹2076,000 लोकनाथ के अकाउंट में जमा कर दिए गए। फिर गिरीश जोल्हे ने किश्तों में यह रकम अपने अकाउंट में ट्रांसफर कर दी। उसने लगभग दो से तीन महीने तक लोन की सारी किश्तें भरीं। फिर उसने किश्तें देना बंद कर दिया।

बैंक से आने लगा दबाव

CG Fraud Case: किस्तों का भुगतान नहीं होने पर बैंक वाले जब लोकनाथ पर रकम जमा करने का दबाव बनाना शुरू किए। तब लोकनाथ ने गिरिश से फोन पर संपर्क किया। गिरिश ने कहा कि वह सभी किस्तो को जमा कर देगा, लेकिन गिरीश ने किस्त जमा नहीं किया। फिर से बैंक के अधिकारी उसे भगुतान करने को कहने लगे।

तंग आकर थाना में रिपोर्ट दर्ज कराया

परेशान होकर लोकनाथ ने गिरीश कुमार जोल्हे से WhatsApp पर बात की। वह किश्तें भरने और लोन चुकाने का वादा करता रहा, लेकिन उसने एक भी किश्त नहीं भरी। तंग आकर लोकनाथ ने मंगलवार को खरसिया थाने में उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ Section 420 के तहत केस दर्ज कर लिया है और मामले की जांच कर रही है।