डॉ. मार्कण्डेय ने कहा कि नकटी का जो प्रकरण चल रहा है, उसकी स्क्रिप्ट बहुत पहले 2020 में पूर्ववर्ती भूपेश सरकार के शासनकाल में लिखी गई थी। उस समय हाउसिंग बोर्ड के जरिए वहां आवासीय कॉलोनी तैयार करने की प्रक्रिया शुरू हुई। इसी दरम्यान 2022 में वहां आवासीय कॉलोनी (Nakti Village News) बनने की जानकारी मिलते ही 2022-23 में वहां कब्जाधारियों की बाढ़ आ गई। पहले वहां लगभग 3 हेक्टेयर जमीन पर कब्जा था, जिस पर कच्चे मकान चिन्हांकित हुए। आज कई लोगों ने 10 से 17-20 हजार वर्गफीट जमीन पर कब्जा कर लिया है और उन लोगों ने 50 लाख रुपए मूल्य तक के मकान, बाड़ी बना ली है।