
अलग- अलग देशो में राखी भेजना डाक विभाग ने की खास तैयारी (photo Patrika)
Chhattisgarh Rakhi 2026:@ राकेश टेंभुरकर। रक्षाबंधन के पर्व को देखते हुए डाक विभाग विदेशों में रहने वाले भाई-बहनों तक समय पर राखी पहुंचाने की विशेष तैयारियों में जुट गया है। विभाग की इंटरनेशनल ट्रैक पैकेट सर्विस (आईटीपीएस) के माध्यम से दुनिया के 136 देशों में किफायती दरों पर राखी और उपहार भेजे जा सकेंगे। इस सेवा के तहत 50 ग्राम से लेकर 5 किलोग्राम तक के पैकेट बुक किए जा सकते हैं, जिन्हें डायरेक्ट फ्लाइट्स के जरिए 7 से 10 दिनों के भीतर संबंधित देशों में पहुंचा दिया जाएगा। डाक विभाग के असिस्टेंट डायरेक्टर एनके राजपाल ने बताया कि यह पहली बार है जब विश्व के 195 देशों में से 136 देशों के लिए राखी भेजने की विशेष व्यवस्था की गई है।
रक्षाबंधन के खास मौके पर मंगलवार को मुख्य पोस्ट मास्टर जनरल प्रणव कुमार एक स्पेशल गिफ्ट बॉक्स लॉन्च करेंगे। इस बॉक्स की कीमत करीब 500 रुपए रखी गई है, जिसमें राखी, अक्षत, कुमकुम और अन्य आवश्यक सामग्री शामिल है। लोग इसे खरीदकर वहीं पैक करवाने के बाद सीधे पोस्ट कर सकेंगे। इसके अलावा, डाकघर से स्पीड पोस्ट के जरिए राखी भेजने पर विभाग की ओर से 10 प्रतिशत की छूट भी दी जा रही है।
आईटीपीएस अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पार्सल भेजने का सबसे किफायती विकल्प है। विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों के अवकाश निरस्त कर दिए गए हैं। रक्षाबंधन के दिन भी सभी कर्मियों की ड्यूटी लगाई गई हैं ताकि डाकिए घरों में जाकर समय पर राखियों की डिलीवरी कर सकें। वहीं, देश के भीतर और स्थानीय पार्सलों को 3 से 5 दिनों में पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। असिस्टेंट डायरेक्टर के अनुसार, डाक विभाग की आधिकारिक वेबसाइट indiapost.gov.in पर जाकर होम कलेक्शन की सेवा ली जा सकती है।
अब तक विश्वभर के विभिन्न देशों के लिए 2000 से ज्यादा राखियों की बुकिंग के बाद डिलीवरी कराई जा चुकी है। वर्तमान में विदेशों के लिए रोजाना करीब 70 राखियों के पार्सल बुक हो रहे हैं। समय पर राखी पहुंचाने के उद्देश्य से मुख्य डाकघर में लोगों की भीड़ उमड़ रही है। राखियों के पार्सल को तेजी से निपटाने के लिए विशेष पेटियां लगाई गई हैं, जिन्हें प्राथमिकता के आधार पर खोलकर तुरंत रवाना किया जा रहा है।
अमरीका : करीब 7 से 8 दिन
यूनाइटेड किंगडम (यूके): करीब 3 से 4 दिन
यूएई, सऊदी अरब, कतर और ओमान: करीब 4 से 5 दिन
सिंगापुर, मलेशिया और थाईलैंड : करीब 5 से 6 दिन
यूरोप और दक्षिण-पूर्व एशिया : करीब 6 दिन
अफ़्रीकी देश : करीब 10 से 12 दिन
Updated on:
18 Aug 2026 02:31 pm
Published on:
18 Aug 2026 02:31 pm
