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मैनपाट में मौतों का कारण जानने पहुंचे हेल्थ सचिव व हेल्थ डायरेक्टर

डायरिया से मैनपाट के नर्मदापुर, पैगा, असगवां सहित अन्य इलाकों में डेढ़ दर्जन लोगों की हो चुकी है मौत, बिलासपुर की टीम कर रही पीडि़त परिवारों के रहन-सहन का अध्ययन
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Abhishek Jain

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Aug 23, 2016

Health Secretary and the Director of Health visite

diarrhea affected Mainpat

अंबिकापुर/मैनपाट. मैनपाट में लगातार हो रही मौतों का कारण जानने हेल्थ सेक्रेटरी व हेल्थ डायरेक्टर मंगलवार की दोपहर मुख्यालय नर्मदापुर पहुंचे। यहां उन्होंने पीडि़त परिवारों का हाल-चाल जाना तथा उनके रहन-सहन का जायजा लिया। वहीं पीडि़तों ने भी अपनी समस्याएं व उपलब्ध कराई जाने वाली स्वास्थ्य सुविधाओं की स्थिति बताई। मैदानी कर्मचारियों के पास पर्याप्त दवाइयां भी उपलब्ध नहीं हो पाने की बात सामने आने पर उन्होंने बीएमओ व सीएमएचओ का कड़ी फटकार लगाई। उन्होंने स्वास्थ्य अमले को डायरिया प्रभावित परिवारों को पर्याप्त चिकित्सकीय सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा जागरुक करने के निर्देश दिए।

गौरतलब है कि मैनपाट में उल्टी-दस्त से अब तक 21 लोगों की मौत हो चुकी है। यहां के पैगा, असगवां सहित अन्य ग्रामों के बाद नर्मदापुर डायरिया की चपेट में है। लगातार हो रही मौत ने शासन को भी झकझोर दिया। मैनपाट में आखिर क्यों डायरिया पीडि़तों का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है, इसका कारण जानने हेल्थ सेके्रटरी सुब्रत साहू व हेल्थ डायरेक्टर आर. प्रसन्ना मैनपाट पहुंचे। स्टेट प्लेन से दरिमा हवाई पट्टी उतरने के बाद वे सडक़ मार्ग से सबसे पहले नर्मदापुर स्थित सुमंत्री के घर पहुंचे। यहां दोनों अधिकारियों ने पीडि़त परिवार से चर्चा की। इसमें यह बात सामने आई कि उल्टी-दस्त होने पर इलाज के लिए सुमंत्री बाई को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया था। वह 24 घंटे बाद ही अस्पताल से घर आ गई थी, इस कारण उसकी मौत हो गई। इस दौरान अधिकारियों ने पीडि़त परिवार के रहन-सहन का भी निरीक्षण किया।


अफसरों के निरीक्षण के दौरान फिर एक की मौत
हेल्थ सेके्रटरी व डायरेक्टर जब प्रभावित गांवों का दौरा कर रहे थे। इसी दौरान दोपहर लगभग 2.30बजे उल्टी-दस्त से पीडि़त खालपारा निवासी 60 वर्षीय रोनहा पिता बुद्ध की घर में ही मौत हो गई। अब तक उल्टी-दस्त से कुल 21 लोगों की जान जा चुकी है।

नियंत्रण में है स्थिति
हम 3-4 गांव के पीडि़त परिवारों से मिले। कोई महामारी नहीं है। अलग-अलग तरीकों से वहां मौतें हुई हैं। सिर्फ 6 लोगों की उल्टी-दस्त से मौत हुई है। यह इत्तिफाक ही है कि सभी की मौत एक साथ हो गई। अभी स्थिति नियंत्रण में हैं। जो डॉक्टर अनुपस्थित थे उन्हें नोटिस जारी किया जा रहा है।
सुब्रत साहू, स्वास्थ्य सचिव