19 सितंबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

सांप ने काटा तो शख्स ने किया गजब का काम, जहरीले सांप को बोतल में बंद कर पहुंचा अस्पताल

Rampur News: रामपुर में सांप के काटने के बाद 60 वर्षीय बख्तर ने उसी सांप को बोतल में बंद कर जिला अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टर ने एंटी-स्नेक वैक्सीन लगाकर उन्हें भर्ती किया और सांप को सुरक्षित जंगल में छोड़ दिया।
3 min read
Google source verification
rampur man brings snake bottle hospital after snake bite

सांप ने काटा तो शख्स ने किया गजब का काम | AI Generated Image

Rampur Snake Bite:उत्तर प्रदेश के रामपुर जिले के बहपुरा में सांप के काटने के बाद एक ऐसा मामला सामने आया, जिसने जिला अस्पताल की इमरजेंसी में मौजूद डॉक्टरों, नर्सों और मरीजों को हैरान कर दिया। करीब 60 वर्षीय बख्तर को शुक्रवार-शनिवार की रात लगभग 12 बजे घर पर काम करते समय सांप ने काट लिया। लेकिन घबराने के बजाय उन्होंने सांप को पकड़ लिया और उसे एक बोतल में बंद कर अस्पताल पहुंच गए।

बोतल में सांप देखकर चौंके डॉक्टर

बख्तर जब जिला अस्पताल की इमरजेंसी में पहुंचे तो उन्होंने डॉक्टर प्रेम सिंह को बताया कि उन्हें इसी सांप ने काटा है। इसके बाद उन्होंने बोतल में बंद सांप डॉक्टर को दिखाया। बोतल के अंदर जिंदा सांप देखकर वहां मौजूद डॉक्टर, नर्स और मरीज कुछ देर के लिए हैरान रह गए। अस्पताल में यह नजारा लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया।

हजारों सांप पकड़ने का दावा

बख्तर ने बताया कि वह लंबे समय से सांप पकड़ने का काम करते आ रहे हैं और अपनी जिंदगी में हजारों सांप पकड़ चुके हैं। उनका कहना था कि सांप के काटने के बाद अक्सर डॉक्टर यह जानना चाहते हैं कि सांप कौन सा था या वह कहां चला गया। इसी वजह से इस बार उन्होंने सांप को पकड़कर पहचान के लिए अपने साथ अस्पताल लाने का फैसला किया।

सांप पकड़कर लोगों की मदद भी की

डॉक्टर प्रेम सिंह ने जब बख्तर से पूछा कि सांप को पकड़कर अस्पताल लाने की जरूरत क्यों पड़ी, तो उन्होंने बताया कि वह लंबे समय से सांप पकड़ते रहे हैं। बख्तर के मुताबिक, कई बार सांप के काटने वाले लोगों को वह अस्पताल तक पहुंचाने में भी मदद कर चुके हैं। इसी अनुभव के चलते उन्होंने काटने वाले सांप को भी पकड़ लिया।

इमरजेंसी में बना चर्चा का विषय

जिला अस्पताल की इमरजेंसी में बख्तर के पहुंचने के बाद कुछ समय तक यही मामला चर्चा में रहा। अस्पताल कर्मियों के मुताबिक, यह पहला ऐसा मामला था, जब सांप के काटे जाने के बाद कोई व्यक्ति उसी सांप को बोतल में बंद करके इलाज कराने पहुंचा हो। हालांकि, सांप को पकड़ना अपने आप में जोखिम भरा कदम था।

डॉक्टर ने दी एंटी-स्नेक वैक्सीन

अस्पताल पहुंचने के बाद डॉक्टर प्रेम सिंह ने बख्तर का इलाज शुरू किया। उन्हें एंटी-स्नेक वैक्सीन लगाई गई और चिकित्सकीय निगरानी के लिए अस्पताल में भर्ती कर लिया गया। डॉक्टरों ने उनकी स्थिति पर नजर रखी और आवश्यक चिकित्सा देखभाल दी।

बोतल में बंद सांप को जंगल में छोड़ा

इलाज के बाद बोतल में बंद सांप को सुरक्षित तरीके से अस्पताल परिसर से दूर ले जाकर जंगल में छोड़ दिया गया। इस तरह सांप को भी सुरक्षित स्थान पर पहुंचा दिया गया और बख्तर का अस्पताल में इलाज जारी रहा।

डॉक्टर ने सावधानी बरतने को कहा

डॉक्टर प्रेम सिंह ने बख्तर को सलाह दी कि सांप पकड़ने के लिए उचित प्रशिक्षण और सुरक्षा उपाय जरूरी हैं। उन्होंने कहा कि सांप को पकड़कर अस्पताल लाने के बजाय उससे सुरक्षित दूरी बनाए रखना चाहिए। सांप के काटने की स्थिति में किसी तरह का जोखिम लेने के बजाय तुरंत अस्पताल पहुंचकर चिकित्सा सहायता लेनी चाहिए।

सांप काटने पर तुरंत इलाज जरूरी

सांप के काटने की स्थिति में सबसे जरूरी कदम समय पर चिकित्सा सहायता लेना है। सांप को पकड़ने या उसके पास जाने की कोशिश करना जोखिम बढ़ा सकता है। इस मामले में बख्तर सांप पकड़ने का अपना अनुभव बताते हैं, लेकिन आम लोगों के लिए ऐसी कोशिश खतरनाक हो सकती है। इसलिए सांप के काटने पर व्यक्ति को जल्द से जल्द नजदीकी अस्पताल ले जाना और डॉक्टर की सलाह के अनुसार उपचार कराना चाहिए।