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Ratlam news: अब घर बैठे ‘क्यूआर कोड’ से जमा होगा बिजली बिल, कैश की झंझट खत्म

Electricity bill: मध्यप्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के एजेंट अब क्यूआर कोड से भी बिजली बिल भुगतान स्वीकार करेंगे। उपभोक्ता नकद के अलावा डिजिटल भुगतान कर सकेंगे।
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रतलाम

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Astha Awasthi

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Updated: 30 Aug 2026, 12:49 PM IST

Electricity Bill

Electricity bill: बिजली बिल भुगतान (Photo Source - Patrika)

Ratlam news: बिजली उपभोक्ताओं के लिए राहत भरी खबर है। अब घर घर जाकर बिजली बिल की राशि एकत्र करने वाले एजेंट क्यूआर कोड के माध्यम से भी भुगतान स्वीकार करेंगे। इससे उपभोक्ताओं को नकद राशि रखने और खुले पैसे की समस्या से राहत मिलेगी। साथ ही क्यूआर कोड से भुगतान करने पर कैशलैस सुविधा का लाभ भी मिलेगा। मध्यप्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी की इस पहल से लाखों उपभोक्ताओं को फायदा मिलने की उम्मीद है।

मोबाइल पर जनरेट करेंगे क्यूआर कोड

नई व्यवस्था के तहत डोर-टू-डोर बिजली बिल संग्रहण एजेंट पहले की तरह पावसा यदि कोई उपभोक्ता ऑनलाइन भुगतान करना चाहता है या उसके पास बिल की राशि के अनुसार खुले पैसे उपलब्ध नहीं है, तो एजेंट उसके आईवीआरएस नंबर के आधार पर क्यूआर कोड जनरेट कर मोबाइल स्क्रीन पर दिखाएगा। उपभोक्ता मोबाइल से क्यूआर कोड स्कैन कर आसानी से बिल का भुगतान कर सकेगा। क्यूआर कोड स्कैन करने के बाद उपभोक्ता को स्क्रीन पर उसका नाम, कनेक्शन नंबर, पता, बिल राशि और बिजली कंपनी का नाम सहित आवश्यक जानकारी दिखाई देगी। इससे भुगतान से पहले बिल की जानकारी की पुष्टि भी की जा सकेगी।

भुगतान होते ही बिजली खाता होगा अपडेट

क्यूआर कोड के माध्यम से भुगतान पूरा होते ही उपभोक्ता का बिजली खाता केंद्रीयकृत सर्वर के जरिए तत्काल अपडेट हो जाएगा। इससे भुगतान प्रक्रिया तेज होने के साथ ही रिकॉर्ड में त्रुटियों की संभावना भी कम होगी। भुगतान की राशि सीधे बिजली कंपनी के खाते में जमा होगी, जिससे पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि उपभोक्ताओं के लिए नकद भुगतान का विकल्प भी जारी रहेगा। एजेंट चाहे तो पहले की तरह नकद राशि स्वीकार कर सकेंगे और उपभोक्ता को ई-पद्धति से रसीद उपलब्ध कराएंगे। इस तरह डिजिटल भुगतान के साथ नकद भुगतान की सुविधा भी बनी रहेगी।

एजेंटों का परिचय पत्र होना अनिवार्य

डोर-टू-डोर बिजली बिल संग्रहण करने वाले सभी एजेंटों के पास संबंधित बिजली कंपनी के जोन और वितरण केंद्र के अंतर्गत कार्यरत होने का परिचय पत्र अनिवार्य रूप से होना चाहिए। इससे उपभोक्ता अधिकृत एजेंट की पहचान कर सकेंगे और अनधिकृत व्यक्ति से भुगतान करने से बच सकेंगे।

पारदर्शिता और सुविधा बढ़ेगी

मध्यप्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी, इंदौर के प्रबंध निदेशक अनूप कुमार सिंह ने कहा कि उपभोक्ताओं को बिजली बिल भुगतान में अधिक सुविधा देने के उद्देश्य से यह व्यवस्था शुरू की गई है। अब डोर-टू-डोर क्यूआर कोड के माध्यम से भी बिल राशि प्राप्त करेंगे। भुगतान की राशि सीधे बिजली कंपनी के खाते में जमा होगी, जिससे बिजली बिल संग्रहण एजेंट उपभोक्ताओं के लिए सुविधा के साथ-साथ भुगतान व्यवस्था में पारदर्शिता भी बढ़ेगी।