1 नवंबर 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

जनसंत मुनि तरुण सागर ने व्यक्त की समाधि की भावना, देश भर में जप शुरू

जनसंत मुनि तरुण सागर ने व्यक्त की समाधि की भावना, देश भर में जप शुरू
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

सागर

•

image

Samved Jain

•

Updated: 31 Aug 2018, 12:32 PM IST

दमोह. राष्ट्रीय जनसंत मुनि तरुणसागर ने अपने गुरु के समक्ष समाधि मरण की भावना व्यक्त की है। जिसे गुरु पुष्पदंत सागर ने भी सहमति दे दी है। साथ ही मुनियों के संघ को मुनि तरुणसागर की संलेखना के लिए आदेशित कर दिया है। साथ ही सकल समाज के लिए एक वीडियो मैसेज भी जारी किया गया है। मुनि तरुणसागर को संलेखना पश्चात मोझ मार्ग प्रशस्त हो, इसके लिए देश भर में जैन समाज द्वारा नमोकार मंत्र का अखंड जप शुरू कर दिया गया है। इधर मध्यप्रदेश सहित अन्य प्रांतों से भक्तों का दिल्ली पहुंचना शुरू हो गया है। संतों का भी यहां पहुंचना हो रहा है। दमोह जिले के गुंहची गांव स्थित उनके परिवार के लोग भी दिल्ली पहुंच चुके है।

आचार्य पुष्पदंत सागर महाराज

अपने क्रांतिकारी अंदाज और कड़वे प्रवचन के लिए विख्यात राष्ट्रीय संत जैन मुनि तरुणसागर महाराज के स्वास्थ्य खराब होने की खबरें लगातार आ रही थी। गुरुवार को मुनि तरुण सागर ने समाधि की भावना व्यक्त की थी। इस दौरान उनके द्वारा लिखा गया एक पत्र भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा था। जिसमें उन्हें जल्द से जल्द मुनि गुप्तिसागर के पास जाने और समाधि की भावना व्यक्त की थी। इस पत्र के बाद मुनि तरुण सागर के गुरु आचार्य पुष्पदंत सागर ने उनकी भावना पर सहमति व्यक्त कर दी थी। इसके बाद मुनिश्री की संलेखना शुरू हो गई है। जल्द ही मुनिश्री की समाधि हो सकती है।

मुनि तरुण सागर की संलेखना की खबर देशभर में सोशल मीडिया के माध्यम से फैलते ही उनके करोड़ों भक्तों में मायूसी छा गई। हर कोई अपने गुरु का हाल जानने में जुट गया। गृह जिला दमोह मध्यप्रदेश में उनके लिए जप शुरू कर दिए गए है। इसके अलावा देश भर में भी लोग लगातर नमोकार मंत्र का जप कर मुनि तरुणसागर के लिए प्रार्थना कर रहे है। समाधिमरण भावना का पाठ भी किया जा रहा है। दमोह सहित समूचे बुंदेलखंड और पूरे देश में नमोकार मंत्र का जाप चल रहा है। उनके गृह ग्राम गुंहची और आसपास के ग्रामों में भी खबर लगते की सन्नाटा पसर गया है। हर कोई दिल्ली की ओर रुख कर रहा है।

अचानक निर्णय, भक्तों को नहीं हो रहा विश्वास
कड़वे प्रवचन के लिए विख्यात मुनि तरुण सागर का इन दिनों नई दिल्ली के राधेपुर क्षेत्र में चातुर्मास चल रहा था। उनके स्वास्थ्य खराब होने की खबरों के बीच अचानक मुनितरुण सागर की संलेखना की खबर सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद भी भक्तों को विश्वास नहीं हो रहा था। वह ऐसे मैसेज को वायरल करने वालों को जानकारी स्पष्ट कर पोस्ट करने की नसीहत देते नजर आए। यही वजह थी मुनि तरुण सागर के गुरु आचार्य पुष्पदंत सागर महाराज का वीडियो पोस्ट किया गया था। जिसमें मुनि तरुणसागर की संलखेना की पुष्टि की गई है।