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वैज्ञानिकों ने 3 हजार साल पुरानी ममी पर किया रिसर्च, खोले ये चौंकाने वाले राज

मिस्र की ममीज हमेशा ही चर्चा में रहती हैं वैज्ञानिक समय-समय पर करते रहते हैं ऐसे शोध
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नई दिल्ली

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Prakash Chand Joshi

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Updated: 13 Jul 2019, 1:45 PM IST

World

वैज्ञानिकों ने 3 हजार साल पुरानी ममी पर किया रिसर्च, खोलें ये चौंकाने वाले राज

नई दिल्ली: विश्व ( world ) में कई ऐसी जगह और चीजें हैं जिनमें लोगों की खासी दिलचस्पी रहती है। लेकिन बात जब भी मिस्र ( Egypt ) के पिरामिडों और ममी की आती है तो ये दुनिया का ध्यान अपनी और खींचती हैं। यहां समय-समय कई ऐसे चौंकाने वाले खुलासे होते हैं जो दुनिया को आश्चर्य में डाल देती है। इस बार भी यहां वैज्ञानिकों ने एक रिसर्च ( research ) करके हर किसी को चौंका दिया है।

क्या है खोज में

मॉस्को ( Moscow ) के कुर्चतोव इंस्टीट्यूट के वैज्ञानिकों ने मिस्र की ममी को लेकर एक रिसर्च किया है। वैज्ञानिकों ( scientist ) ने प्राचीन मिस्र की तीन ममी के बालों पर शोध किया, जो लगभग 3000 साल तक सुरक्षित रहे। इस शोध में कई चौंकाने वाली बातें सामने आई हैं। रूसी वैज्ञानिकों ने इसका पता लगा लिया है कि आखिर ये बाल इतने लंबे समय तक कैसे संरक्षित रहे। रिसर्च में दावा किया है कि एक खास तरह के बाम के कारण ममी ( mummy ) के बाल इतने सालों तक सुरक्षित रहे। शोधकर्ताओं के मुताबिक, ममी के बालों पर देवदार का गोंद लगाया गया था। इसमें कई तरह के प्राकृतिक रसायन भी शामिल थे।

दो तरह के लेप किए जाते थे तैयार

इस शोध में जिन ममीज का इस्तेमात किया गया था। उन्हें फिलहाल मॉस्को के पुशकिन स्टेट म्यूजियम ( museum ) में रखा गया है। शोधकर्ताओं ने बालों के रहस्य का पता लगाने के लिए इन्फ्रारेड स्पेक्ट्रम का इस्तेमाल किया, जिसमें पता चला कि बालों पर लगाए गए बाम में बीफ फैट, अरंडी, पिस्ता का तेल और मधुमक्खियों से तैयार किया हुआ मोम शामिल था। साथ ही वैज्ञानिकों ने दावा किया है कि ममी को तैयार करने के लिए दो तरह का लेप तैयार किया जाता था, जिसमें एक बालों पर लगाया जाता था और दूसरा शरीर पर लगाया जाता था।