
सीकर. अपर सेशन न्यायाधीश क्रम संख्या एक राजकुमार ने प्रेम संबंध के चलते हत्या कर जमीन में शव गाडऩे के मामले में दो आरोपितों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। मामले में एक आरोपित अभी फरार है। महिला व एक अन्य आरोपित को संदेह के लाभ देकर बरी कर दिया गया।
न्यायालय ने इस मामले में पुनियाणा निवासी प्रहलाद जाट तथा खाटूश्यामजी थाना इलाके के सामेर गांव के पास स्थित बिजारणियों की ढाणी निवासी महावीर प्रसाद जाट को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
इस मामले में न्यायालय ने हत्या की वारदात के शिकार नोलाराम जाट की पत्नी रूपा देवी और छोटी खाटू क्षेत्र के गांव सांडेला निवासी दातार सिंह उर्फ कालू सिंह को संदेह का लाभ देकर बरी कर दिया है।
मामले में सामेर निवासी भंवरलाल जाट फरार चल रहा है। मामला दांतारामगढ़ क्षेत्र के पुनियाणा गांव में वर्ष 2009 में जनवरी माह का है। नोलाराम 23 जनवरी की शाम करीब छह बजे दस मिनट में वापस आने की बात कहकर घर से निकला था। दो दिन तक वापस नहीं आने पर 25 जनवरी को उसके भाई सांवरमल ने दांतारामगढ़ थाने में उसकी गुमशुदगी दर्ज करवाई।
आठ साल फिर चर्चा
आठ साल पहले नोलाराम की हत्या हुई थी तब प्रेम प्रसंग का खुलासा हुआ था। उस समय यह हत्याकांड पूरे सीकर जिले में खासा चर्चा का विषय रहा था। अब आठ साल बाद बॉयफ्रेंड को सजा और गर्लफ्रेंड के बरी होने का फैसला भी खूब चर्चा में है।
मुझे भी दे दो उम्रकैद
इस मामले में दो आरोपितों को उम्रकैद की सजा सुनाए और महिला समेत दो को बरी करने के बाद मृतक की पत्नी रूपा देवी कोर्ट परिसर में रो पड़ी। उसने न्यायाधीश से गुहार लगाई कि उसे भी उम्रकैद की सजा सुना दी जाए।
Updated on:
14 Dec 2017 04:09 pm
Published on:
14 Dec 2017 03:19 pm
बड़ी खबरें
View Allसीकर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
