
निर्जला एकादशी पर खाटूधाम आने वाले श्रद्धालुओं के लिए रेलवे चलाएगा स्पेशल ट्रेनें। पत्रिका फाइल फोटो
रींगस। उत्तर पश्चिम रेलवे के जयपुर मंडल ने 21 से 28 फरवरी 2026 तक आयोजित खाटूश्यामजी लक्खी मेले के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षित और सुगम यात्रा के लिए व्यापक इंतजाम किए। इस अवधि में रींगस रेलवे स्टेशन से कुल 2.58 लाख यात्रियों ने यात्रा की और 3.40 करोड़ रुपए का राजस्व अर्जित हुआ। यह पिछले वर्ष की तुलना में आय में 25.46 प्रतिशत और यात्री भार में 13 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्शाता है।
रेलवे प्रशासन ने भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी। अतिरिक्त 1000 क्षमता वाला नया मेला शेल्टर तैयार किया गया, जिससे कुल क्षमता 2000 यात्रियों की हो गई। मेले के दौरान 70 कमर्शियल स्टाफ, 200 आरपीएफ, 200 जीआरपी जवान और 60 होमगार्ड तैनात रहे। वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में ट्रेनों का संचालन रींगस यार्ड क्षेत्र में 20 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से किया गया और लगातार सतर्कता बरती गई।
टिकटिंग व्यवस्था को मजबूत करते हुए 10 एटीवीएम, 15 फैसिलिटेटर, 5 मोबाइल यूटीएस और 4 बुकिंग काउंटर चौबीसों घंटे संचालित किए गए, जिन्हें पीक समय में बढ़ाकर 6 किया गया। 27 फरवरी को दोपहर के समय यात्री भार दोगुना होने पर प्रशासन ने त्वरित निर्णय लेते हुए स्पेशल डेमू ट्रेन चलाई। पूरे मेले के दौरान कुल 150 स्पेशल ट्रेन ट्रिप संचालित की गईं, जिनमें 5 ट्रिप आकस्मिक स्थिति में चलाई गईं।
रेलवे ने अतिरिक्त पेयजल, कैटरिंग और अस्थायी शौचालय की व्यवस्था भी की। मेला शेल्टर में लाइव खाटूश्यामजी दर्शन के लिए टीवी लगाए गए, जिससे यात्रियों को सुविधा मिली। रेलवे अधिकारियों के अनुसार सुनियोजित प्रबंधन, सतत मॉनिटरिंग और त्वरित निर्णयों के कारण इस वर्ष का आयोजन सफल रहा और यात्रियों की सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित की जा सकी।
Updated on:
1 Mar 2026, 6:07 PM IST
Published on:
1 Mar 2026, 6:07 PM IST
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