20 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

मुआवजे के लालच में हुई थी महिला की हत्या, बेटा निकला कातिल

महिला को मिलना था 32 एकड़ जमीन का मुआवजा..बेटे के मन में आया लालच..

2 min read
Google source verification
singrauli.jpg

सिंगरौली. पैसों के लालच में आकर एक बेटे ने अपनी मां की हत्या कर दी। मामला सिंगरौली के झलरी गांव की है जहां रहने वाली महिला की 11 सितंबर की रात गला दबाकर हत्या कर दी गई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गला दबाकर हत्या किया जाना सामने आया था जिसके बाद से ही पुलिस मामले की बारीकी से जांच में जुटी हुई थी। इसी दौरान पुलिस को पता चला कि महिला की 32 एकड़ जमीन का भू-अर्जन हुआ था और उसे उसका मुआवजा मिलने वाला था। इसी प्वाइंट पर जब पुलिस ने जांच की तो जल्द ही पुलिस कातिल तक पहुंच गई। महिला का कातिल उसका ही बेटा निकला है जिसे पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।

ये है पूरा मामला
लंघाडोल थाना प्रभारी बालेन्द्र त्यागी ने बताया कि आरोपी मोहन सिंह गोड़ उम्र 24 साल ने बीते 11 सितंबर को मुआवजा राशि की बंटवारा होने की डर से मां सोनकुंवर सिंह से विवाद किया था। आरोपी को इस बात का भय था कि मां हमारे पास रहती है और मुआवजा राशि सभी भाइयों को बांट देगी। इस बात को लेकर उसके मन में हत्या का विचार आया। आरोपी ने पहले मां से जमीन के दस्तावेज मांगे। नहीं देने पर उसे पूरा शक हो गया। इसी बात को लेकर आरोपी ने 11 सितंबर की रात गला दबाकर मां की हत्या कर दी। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी ने खुद घटना की सूचना पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस मर्ग कायम कर पोस्टमार्टम कराई। पीएम रिपोर्ट में यह स्पष्ट हुआ कि सोनकुंवर की हत्या गला घोंटने से हुई है।

यह भी पढ़ें- 'प्रताप मुझे चैन से जीने नहीं दे रहा इसलिए जान दे रही हूं' लिखकर लड़की ने दुपट्टे से लगाई फांसी

पुलिस की पूछताछ में कबूला जुर्म
लंघाडोल पुलिस ने इस पूरे मामले में परिजन सहित स्थानीय ग्रामीणों से पूछताछ की। पूछताछ में सबसे पहले घटना की सूचना देने वाला मोहन सिंह को हिरासत में लिया। उससे जब सख्ती से पूछताछ की गई तो आरोपी ने मुआवजा राशि हड़पने की मकसद से गला दबाकर मां की हत्या करने का जुर्म कबूल किया। आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर पुलिस ने उसे गिरफ्तार करते हुए जेल भेज दिया है। बताया गया है कि मृत महिला सोनकुंवर के नाम पर झलरी गांव में 32 एकड़ जमीन थी जिसका कंपनी की ओर से भू-अर्जन किया गया था। विवाद के चलते जमीन की मुआवजा राशि नहीं मिली थी। यह मामला न्यायालय में विचाराधीन था। जमीन का पूरा रिकार्ड आरोपी मोहन सिंह अपने पास रखना चाहता था। जिससे मुआवजा उसे मिले लेकिन महिला इसमें सहमत नहीं हुई तो आरोपी को शक हुआ कि मुआवजा राशि में मां सभी भाइयों के बीच बंटवारा करा देगी। इसी बात को लेकर खफा हो गया था।

यह भी पढ़ें- छात्रा के स्कूल बैग में निकला काला सांप, क्लासरूम में मचा हड़कंप, देखें वीडियो