वहीं स्थानीय विधायक कामिनी जिन्दल ने विधानसभा में भी यह मामला उठाया था। इसके बाद सरकार हरकत में आई और जांच के आदेश किए थे। जयपुर से आई स्पेशल टीम ने अपने स्तर पर जांच की थी। वहीं जिला कलक्टर ने एडीएम सिटी को भी जांच के लिए अधिकृत किया था, एडीएम सिटी वीरेन्द्र वर्मा ने राशन डीलर मेहता की ओर से की गई जांच शुरू की थी, इसमें मेहता के अलावा कई राशन कार्ड धारकों के भी बयान लिए गए।