विरोध प्रदर्शन में संघर्ष समिति संयोजक बंशी राजावत, सचिव गुरमीत सिंह गिल, जिला प्रवक्ता सतीश शर्मा, अभिमन्यु सिंह भदौरिया, श्याम गोस्वामी, भूप सिंह कूकणा, महेन्द्र धींगड़ा, जसकरण सिंह बराड़, ललित कौशिक सहित बड़ी संख्या में कर्मचारी शामिल हुए। जिला प्रवक्ता सतीश शर्मा ने कहा कि एक तरफ राजस्थान के 200 विधायकों ने खुद ही खुद के वेतन-भत्ते हाल ही 67 प्रतिशत बढ़ा लिए, जबकि 7वां वेतन आयोग द्वारा की गई वेतनमान बढ़ाने की मूल अभिशंसा को कम कर दिया।कर्मचारियों के 21 माह के एरियर की राशि दबा ली। वहीं, विधायक कामिनी जिंदल के कार्यालय में नहीं मिलने पर कर्मचारियों ने निंदा प्रस्ताव पारित किया।