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गंदगी ने डुबोई 110 साल पुरानी पारसी डेयरी फार्म की साख, फफूंदी और खुले में मिले कच्चे माल पर बड़ी कार्रवाई

Parsi Dairy Farm License Suspended: मुंबई की 110 साल पुरानी मशहूर पारसी डेयरी फार्म पर एफएसएसएआई ने बड़ी कार्रवाई की है। निरीक्षण में स्टोरेज एरिया की दीवारों पर फफूंदी और फर्श पर रखा कच्चा माल मिलने के बाद डेयरी का लाइसेंस निलंबित कर दिया गया।
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मुंबई

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Imran Sheikh

Jul 17, 2026

Parsi Dairy Farm

110 साल पुरानी मशहूर डेयरी पर बड़ा एक्शन: गंदगी के आरोपों के बाद लाइसेंस सस्पेंड। फोटो सोर्स-IANS

Parsi Dairy Farm License Suspended: मुंबई की करीब 110 साल पुरानी पारसी डेयरी फार्म पर खाद्य सुरक्षा नियमों के उल्लंघन का बड़ा मामला सामने आया है। लंबे समय से शहरवासियों का भरोसा रही इस डेयरी का एफएसएसएआइ (FSSAI) लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। कार्रवाई के बाद अब डेयरी को फिलहाल दूध या किसी भी खाद्य उत्पाद का निर्माण, भंडारण, बिक्री और वितरण करने की अनुमति नहीं होगी।

जानकारी के मुताबिक, खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) की टीम ने 14 जुलाई को डेयरी परिसर का निरीक्षण किया था। जांच के दौरान कई ऐसी खामियां मिलीं जिन्हें खाद्य सुरक्षा के लिहाज से गंभीर माना गया। निरीक्षण रिपोर्ट में बताया गया कि उत्पादन और स्टोरेज एरिया की दीवारों पर फफूंदी जमी हुई थी। इतना ही नहीं, कच्चा माल भी प्रभावित दीवारों के बिल्कुल पास सीधे फर्श पर रखा मिला, जिससे खाद्य सामग्री के दूषित होने का खतरा बढ़ जाता है।

लाइसेंस निलंबित करने का आदेश जारी

अधिकारियों ने यह भी पाया कि कच्चे दूध को प्राप्त करने के लिए सुरक्षित रॉ मिल्क रिसेप्शन डॉक की व्यवस्था नहीं थी। निरीक्षण के दौरान साफ-सफाई और खाद्य सुरक्षा मानकों से जुड़ी कई अन्य कमियां भी सामने आईं। रिपोर्ट के आधार पर संबंधित अधिकारियों ने 16 जुलाई को लाइसेंस निलंबित करने का आदेश जारी कर दिया।

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जब तक निलंबन प्रभावी रहेगा, तब तक डेयरी किसी भी प्रकार का खाद्य उत्पाद तैयार, स्टोर, बेच या वितरित नहीं कर सकेगी। यदि आदेश का उल्लंघन किया गया तो संबंधित प्रावधानों के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

1916 में हुई थी पारसी डेयरी फार्म की शुरुआत

दिलचस्प बात यह है कि यह वही पारसी डेयरी फार्म है जिसकी शुरुआत वर्ष 1916 में महज एक दूध के कनस्तर से हुई थी। उस समय 18 वर्षीय नरीमन अर्देशिर ने इस कारोबार की नींव रखी थी। समय के साथ यह डेयरी मुंबई के सबसे भरोसेमंद ब्रांडों में शामिल हो गई और बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए इसका कारोबार सैकड़ों एकड़ कृषि भूमि तक फैल गया।

अब चौथी पीढ़ी संभाल रही जिम्मेदारी

फिलहाल इस पारिवारिक व्यवसाय की जिम्मेदारी चौथी पीढ़ी संभाल रही है। परिवार के युवा सदस्य आधुनिक सोच के साथ कारोबार को आगे बढ़ा रहे हैं। वर्ष 2023 में डेयरी की नई ब्रांडिंग भी की गई थी, ताकि पुराने ग्राहकों का भरोसा बनाए रखते हुए नई पीढ़ी को भी जोड़ा जा सके।

हालांकि, अब लाइसेंस निलंबित होने की कार्रवाई ने इस डेयरी की साख पर सवाल खड़े कर दिए हैं। खाद्य सुरक्षा से जुड़े इस मामले पर लोगों की नजर बनी हुई है। अब यह देखना होगा कि डेयरी प्रबंधन कमियों को कितनी जल्दी दूर कर दोबारा संचालन की अनुमति हासिल कर पाता है।