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महाराष्ट्र पुलिस को NCW ने लगाई फटकार, कहा- ‘राजनीतिक प्रतिशोध’ के आधार पर कार्रवाई न करें

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) प्रमुख शरद पवार के बारे में सोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक पोस्ट को लेकर मराठी अभिनेत्री केतकी चिताले की गिरफ्तारी के खिलाफ राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) ने शुक्रवार को सुनवाई की. इस दौरान एनसीडब्ल्यू ने पुलिस को राजनीतिक प्रतिशोध नहीं बल्कि कानून के तहत कार्य करने की हिदायत दी है।

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Dinesh Dubey

Jun 18, 2022

Ketaki Chitale

Ketaki Chitale

मुंबई: राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) ने महाराष्ट्र पुलिस को राजनीतिक प्रतिशोध के आधार पर एक्शन नहीं लेने की हिदायत दी है। एनसीडब्ल्यू ने यह बात राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) प्रमुख शरद पवार के बारे में सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक पोस्ट को लेकर गिरफ्तार मराठी अभिनेत्री केतकी चिताले के मामले की सुनवाई के दौरान कही है। इस मामले की सुनवाई की अध्यक्षता एनसीडब्ल्यू की अध्यक्ष रेखा शर्मा कर रहीं है।

मराठी अभिनेत्री केतकी चिताले की एक पोस्ट के चलते उनकी गिरफ्तारी के बाद राष्ट्रीय महिला आयोग ने महाराष्ट्र के पुलिस महानिदेशक को व्यक्तिगत रूप से आयोग के समक्ष पेश होने के लिए नोटिस जारी किया था। हालांकि कल सुनवाई के दौरान महाराष्ट्र पुलिस प्रमुख की ओर से विशेष महानिरीक्षक (कानून-व्यवस्था) मिलिंद भारम्बे आयोग के सामने पेश हुए। यह भी पढ़ें-Maharashtra MLC Elections: एमवीए को बड़ा झटका, बॉम्बे हाईकोर्ट ने नवाब मलिक और अनिल देशमुख को नहीं दी वोटिंग की अनुमति

एनसीडब्ल्यू ने सुनवाई के दौरान कहा कि पुलिस को ‘राजनीतिक बदला’ को आधार बनाकर काम नहीं करना चाहिए था। साथ ही आयोग ने पूछा कि केतकी चिताले के खिलाफ दर्ज एफआईआर में मानहानि का प्रावधान क्यों किया गया है और इसका शिकायतकर्ता कौन था? एनसीडब्ल्यू महाराष्ट्र पुलिस प्रमुख का पक्ष रखने आये पुलिस अधिकारी से जानना चाहा कि केतकी वाले पोस्ट को पहले ही कई लोगों शेयर कर चुके थे, लेकिन कार्रवाई केवल केतकी के खिलाफ ही क्यों की गई।

एनसीडब्ल्यू ने साथ ही मराठी अभिनेत्री की गिरफ्तारी को लेकर उचित कानूनी प्रक्रिया का पालन नहीं करने की भी बात कही। आयोग ने कहा, “सीआरपीसी की धारा 41ए के तहत, पुलिस को गिरफ्तारी से पहले आरोपी को नोटिस देना होता है और असंज्ञेय मामलों में मजिस्ट्रेट से पहले अनुमति लेनी होती है। हालांकि, पुलिस कानून के इस अनिवार्य प्रावधान का पालन करने में विफल रही।’’

सुनवाई के दौरान राष्ट्रीय महिला आयोग ने पुलिस स्टेशन के बाहर केतकी पर हमला करने वाली एनसीपी की महिला नेताओं के खिलाफ भी कार्रवाई जानकारी मांगी। केतकी के खिलाफ दर्ज एफआईआर में निरस्त हो चूकी आईटी अधिनियम की धारा 66 ए को जोड़ने को लेकर भी आयोग ने महाराष्ट्र पुलिस से जवाब मांगा। एनसीडब्ल्यू ने मामले को अगली कार्रवाई तक के लिए स्थगित कर दिया है।