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होली पर बाजार हुए गुलजार, रंग गुलाल के साथ मिठाई की दुकानों पर बढ़ी रौनक

- कोरोना काल में सीमित कमाई के चलते खुलकर खर्च करने से कदम खींच रहे विक्रेता
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पत्रिका न्यूज नेटवर्क
सुलतानपुर. उल्लास और उमंग के पर होली की रंगत बाजार पर चढ़ गई है। होली के त्यौहार में सिर्फ 2 दिन शेष हैं। ऐसे में नमकीन मिठाई, पापड़, चिप्स, सहित पिचकारी की दुकानों पर मौजूद है। कपड़े से लेकर पनीर की भी खरीदारी की जा रही है। ठीक एक साल पहले कोरोना संक्रमण के चलते सीमित हुई कमाई के चलते इस बार खुलकर खर्च करने से कदम खींच रहे हैं। बावजूद इसके कारोबारियों और ग्राहकों के उत्साह से बाजार का रौनक कायम है।

अगर बात करें तो होली त्यौहार का सबसे अहम हिस्सा रंग और पिचकारी है। जो इस बार महंगाई का असर है, शहर के चौक घंटाघर की पिचकारी विक्रेता प्रदीप अग्रवाल ने बताया कि इस बार इस कार्यों और रंगों की कीमत 2 गुना हो गई है। सामान्य बोतल का मुखौटा वाली पिचकारिओं की कीमत 30 फीसद तक बढ़ गई है। इतना ही नहीं मिठाइयों की कीमत भी बढ़ गई है।

होली पर यह है सामानों की कीमतें

होली के पर्व पर विभिन्न सामानों की कीमतें बढ़ गई हैं। ऐसे में सोने के वर्क वाली गुझिया 600 रुपए प्रति पीस, काजू बादाम की गुझिया 1200 रुपए प्रति किलोग्राम, अजीर गुझिया 1000 रुपए प्रति किलोग्राम, खजूर गुझिया 1000 रुपए प्रति किलोग्राम, रसीली गुझिया 460 रुपए प्रति किलोग्राम है। वहीं पिचकारी 50 से 100 रुपए, प्रेशर गन वाली पिचकारी 200 से 400 रुपए, मुखौटा वाली पिचकारी 20 से 120 रुपए तक, सूखा रंग 100 रुपए, गुलाल 60 रुपए, सुनहला 200 रूपए और चिप्स पापड़ 200 रुपए से 400 रुपए तक, अन्य नमकीन 160 से 400 रुपए हैं।

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