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Gujarat News: समुद्र की लहरों की तरह हिल रहा था कुएं का पानी, वैज्ञानिकों ने जांच के बाद घटना को बताया प्राकृतिक

Well Water: मोरबी के वीरपरड़ा गांव में पांच दिनों से हिल रहे कुएं के पानी को लेकर प्रशासन ने जांच पूरी कर ली है। अधिकारियों ने बताया कि यह बारिश और भू-जल पुनर्भरण की प्राकृतिक प्रक्रिया का परिणाम है, इसका भूकंप से कोई संबंध नहीं है।
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सूरत

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Rakesh Mishra

Aug 06, 2026

Well Water

वीरपरड़ा गांव में कुएं का हिलता पानी। फोटो- पत्रिका

मोरबी। जिले के वीरपरड़ा गांव में पिछले पांच दिनों से एक कुएं का पानी लगातार हिलने के मामले में जिला प्रशासन और भू-वैज्ञानिकों की जांच के बाद इसे पूरी तरह प्राकृतिक घटना बताया गया है। वीरपरड़ा गांव में प्राणजीवन सादरिया के स्वामित्व वाले कुएं का पानी रविवार से लगातार हिलता हुआ दिखाई दे रहा था। घटना की जानकारी मिलते ही प्रशासन हरकत में आया और जिला भू-वैज्ञानिक जेएस वाढेर ने मौके का निरीक्षण किया।

भूकंप से कोई संबंध नहीं

जांच के बाद अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि इस घटना का किसी भी प्रकार की भूकंपीय (सीस्मिक) गतिविधि या भूकंप से कोई संबंध नहीं है। अधिकारियों के अनुसार लगातार हुई भारी बारिश के कारण भू-जल का पुनर्भरण (रीचार्ज) हो रहा है। जब पानी जमीन के भीतर चट्टानों की परतों के बीच पहुंचता है, तो वहां फंसी हुई हवा दबाव के साथ बाहर निकलती है। इसी हवा की गति और तेज हवा के प्रभाव के कारण कुएं का पानी हिलता हुआ दिखाई देता है।

टीम ने स्थल का निरीक्षण किया

जिला कलक्टर स्वप्निल खरे ने बताया कि भू-वैज्ञानिकों की टीम ने स्थल का निरीक्षण कर पुष्टि की है कि बारिश के कारण जमीन के अंदर छोटे एक्विफर (Aquifer) में हवा फंस गई थी। उसी हवा की गति के कारण पानी में हलचल दिखाई दे रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस घटना का भूकंप से कोई संबंध नहीं है और पिछले दिनों गुजरात में किसी भी प्रकार की सीस्मिक गतिविधि दर्ज नहीं की गई है। जिला कलक्टर ने नागरिकों से अफवाहों पर विश्वास न करने और एहतियात के तौर पर कुएं से सुरक्षित दूरी बनाए रखने की अपील की है।

लगातार हिल रहा था पानी

जिस जमीन पर यह कुआं बना है, उसके मालिक प्रांजीवनभाई सदरिया ने बताया कि यह कुआं जामनगर-अमृतसर राष्ट्रीय हाईवे के पास स्थित विरपारड़ा गांव में उनके खेत में है। करीब तीन महीने पहले बनाए गए इस कुएं का व्यास 30 फीट और गहराई 18 फीट है। प्रांजीवनभाई के मुताबिक, उनके कुएं का पानी लगातार हलचल करता दिखाई दे रहा है, जबकि आसपास मौजूद अन्य सभी कुओं का पानी पूरी तरह स्थिर है। उनका कहना है कि आसपास किसी भी दूसरे कुएं में ऐसी स्थिति नहीं है, जिससे यह घटना लोगों के लिए हैरानी का विषय बनी हुई है।